नई दिल्ली (ईएमएस)। इंडियन प्रीमियर लीग 2026 में दिल्ली कैपिटल्स का प्रदर्शन लगातार निराशाजनक रहा है और अब टीम का प्लेऑफ में पहुंचना लगभग नामुमकिन नजर आ रहा है। 11 मुकाबलों में सिर्फ चार जीत दर्ज करने वाली दिल्ली को सात मैचों में हार का सामना करना पड़ा है। टीम के पास अभी तीन मुकाबले बाकी हैं, लेकिन अगर दिल्ली अपने सभी शेष मैच जीत भी लेती है तो वह अधिकतम 14 अंकों तक ही पहुंच पाएगी। मौजूदा सीजन के समीकरणों को देखते हुए 14 अंकों के साथ प्लेऑफ में जगह बनाना बेहद मुश्किल माना जा रहा है। ऐसे में टीम के खराब प्रदर्शन के बाद कप्तान अक्षर पटेल पर लगातार सवाल उठने लगे हैं। इस सीजन में अक्षर पटेल का प्रदर्शन गेंदबाजी, बल्लेबाजी और कप्तानी तीनों विभागों में फीका रहा है। एक गेंदबाजी ऑलराउंडर होने के बावजूद वह टीम को अपेक्षित सफलता नहीं दिला पाए। 11 मैचों में उन्होंने सिर्फ 10 विकेट हासिल किए हैं। कई मुकाबलों में तो उन्होंने अपने पूरे चार ओवर भी नहीं फेंके। टी20 क्रिकेट में अक्षर की पहचान पावरप्ले में किफायती गेंदबाजी करने वाले खिलाड़ी के रूप में रही है, लेकिन इस सीजन वह बल्लेबाजों पर दबाव बनाने में नाकाम दिखाई दिए। उनकी गेंदबाजी में धार और आक्रामकता दोनों की कमी साफ नजर आई। जिसके बाद से कप्तान बदने को लेकर चर्चा जोरो पर हैं। चर्चाएं इस बात पर हो रही है कि क्या अगले सीजन दिल्ली कैपिटल्स नए कप्तान के साथ मैदान में उतर सकती है। टीम के पास सबसे मजबूत विकल्प के रूप में केएल राहुल का नाम सामने आ रहा है। राहुल पहले पंजाब किंग्स और लखनऊ सुपर जायंट्स की कप्तानी कर चुके हैं और उनकी अगुवाई में लखनऊ की टीम प्लेऑफ तक पहुंची थी। बल्लेबाजी में भी उनका प्रदर्शन लगातार मजबूत रहा है और टॉप ऑर्डर में खेलते हुए उनका स्ट्राइक रेट भी पहले से बेहतर हुआ है। ऐसे में माना जा रहा है कि दिल्ली कैपिटल्स अगले सीजन नेतृत्व में बड़ा बदलाव कर सकती है। अब देखने वाली बात यह होगी कि क्या केएल राहुल को टीम की कमान सौंपी जाती है और क्या वह दिल्ली को उसका पहला आईपीएल खिताब दिलाने वाले कप्तान साबित हो पाते हैं। डेविड/ईएमएस 10 मई 2026