राष्ट्रीय
17-May-2026
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बोले- परीक्षा के दिन ही संदिग्ध गतिविधियों की लग गई थी भनक -रातभर सबूत जुटाकर एनटीए और जांच एजेंसियों तक पहुंचाई जानकारी नई दिल्ली,(ईएमएस)। नीट-यूजी 2026 पेपर लीक मामले में लगातार नए खुलासों के बीच राजस्थान के सीकर निवासी शशिकांत सुथार का नाम देशभर में चर्चा का विषय बन गया है। कथित पेपर लीक और धांधली के मामले को उजागर करने वाले प्रमुख व्हिसलब्लोअर के रूप में सामने आए शशिकांत ने दावा किया है कि उन्होंने परीक्षा वाले दिन ही संदिग्ध गतिविधियों को भांप लिया था और तुरंत कार्रवाई का फैसला किया। मीडिया से बातचीत में शशिकांत सुथार ने बताया कि 3 मई 2026 को आयोजित नीट यूजी परीक्षा के दौरान उन्हें परीक्षा केंद्रों और सोशल मीडिया के माध्यम से कुछ संदिग्ध जानकारियां मिली थीं। मामले की गंभीरता को देखते हुए वे उसी रात स्थानीय पुलिस स्टेशन पहुंचे, लेकिन देर रात होने के कारण पुलिस अधिकारियों ने उन्हें जरूरी दस्तावेज और सबूतों के साथ अगले दिन आने की सलाह दी। शशिकांत के अनुसार उन्होंने पूरी रात जागकर कथित पेपर लीक से जुड़े डिजिटल साक्ष्य, व्हाट्सएप चैट के स्क्रीनशॉट और अन्य दस्तावेज इकट्ठा किए। इसके बाद उन्होंने ये जानकारी सीधे नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (एनटीए) के अधिकारियों तक पहुंचाई। उनका दावा है कि प्रस्तुत किए गए सबूत इतने मजबूत थे कि एजेंसियों को तुरंत जांच शुरू करनी पड़ी। उन्होंने बताया कि सबूत सौंपने के करीब दो घंटे के भीतर ही उन्हें जांच अधिकारियों के फोन आने लगे और केंद्रीय एजेंसियां सक्रिय हो गईं। इसके बाद देश के कई हिस्सों में जांच और छापेमारी की कार्रवाई तेज कर दी गई। इस मामले के बाद राजस्थान के सीकर स्थित कोचिंग संस्थानों पर भी सवाल उठने लगे हैं, हालांकि शशिकांत सुथार ने वहां के छात्रों का बचाव किया है। उन्होंने कहा कि सीकर की सफलता किसी स्कैम का परिणाम नहीं, बल्कि छात्रों की कड़ी मेहनत का नतीजा है। उन्होंने छात्रों को “मेगावॉट स्टूडेंट्स” बताते हुए कहा कि कुछ लोगों की गलती के कारण पूरे छात्र समुदाय को संदेह की नजर से नहीं देखा जाना चाहिए। शशिकांत का कहना है कि उनका उद्देश्य किसी संस्था या छात्र को बदनाम करना नहीं, बल्कि उन ईमानदार विद्यार्थियों के अधिकारों की रक्षा करना है, जो वर्षों तक मेहनत कर प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करते हैं। उन्होंने कहा कि यदि परीक्षा प्रक्रिया में गड़बड़ी हुई है तो सच सामने आना जरूरी है। हिदायत/ईएमएस 17मई26