अंतर्राष्ट्रीय
10-Jun-2026


तेहरान,(ईएमएस)। पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच यमन के बलहाफ तट से करीब 88 समुद्री मील दूर अदन की खाड़ी में कार्गो शिप पर हमले का प्रयास हुआ। ब्रिटेन की समुद्री सुरक्षा निगरानी एजेंसी ने बताया कि बुधवार सुबह हुई घटना में एक छोटी नाव में सवार 6 हथियारबंद लोग जहाज के करीब पहुंचे और संदिग्ध गतिविधियां शुरू कर दीं। रिपोर्ट के अनुसार, जब हथियारबंद लोग जहाज के करीब पहुंचे, तब उस पर मौजूद सशस्त्र सुरक्षा कर्मियों ने उन्हें रोकने की कोशिश की। इसके बाद दोनों पक्षों के बीच कुछ देर गोलीबारी हुई, जिसके बाद हमलावर पीछे हट गए। इस घटना में किसी बड़े नुकसान या हताहत होने की कोई जानकारी नहीं है। अभी तक किसी संगठन ने इस हमले की जिम्मेदारी नहीं ली है, लेकिन घटना तब है जब यमन के ईरान समर्थित हूती विद्रोहियों ने हाल ही में लाल सागर में इजरायल से जुड़े जहाजों को निशाना बनाने की चेतावनी दी थी। इजरायल-हमास युद्ध और ईरान-अमेरिका तनाव के बाद हूती समूह लाल सागर और बाब-अल-मंदेब स्ट्रेट के आसपास कई बार इसतरह के हमले कर चुका है। समुद्री विशेषज्ञों का मानना है कि अगर अदन की खाड़ी और लाल सागर में सुरक्षा स्थिति बिगड़ती है,तब इसका वैश्विक व्यापार पर गंभीर असर पड़ सकता है। लगातार हमलों और सुरक्षा खतरों के कारण कई बड़ी शिपिंग कंपनियों ने अब स्वेज नहर और लाल सागर मार्ग की बजाय अफ्रीका के दक्षिणी सिरे, केप ऑफ गुड होप के रास्ते लंबा मार्ग चुनना शुरू किया है। इस बदलाव से सप्लाई की लागत, ईंधन खपत और वैश्विक सप्लाई चेन पर सीधा असर पड़ रहा है। विशेषज्ञों का कहना है कि होर्मुज स्ट्रेट, लाल सागर और अदन की खाड़ी इन तीनों क्षेत्रों में एक साथ बढ़ता तनाव अंतरराष्ट्रीय समुद्री व्यापार के लिए एक बड़ी चुनौती बन सकता है, जिससे वैश्विक अर्थव्यवस्था पर नकारात्मक प्रभाव पड़ेगा। आशीष दुबे / 10 जून 2026