आसमान से अपने खेत देखकर हुए खुश, मंत्री ने बताया यह विकास का प्रतीक नोएडा,(ईएमएस)। नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट से सोमवार को औपचारिक रूप से उड़ान सेवाओं की शुरुआत हो गई। इस अवसर को प्रदेश के विकास के लिए एक ऐतिहासिक क्षण बताया है। उद्घाटन के मौके पर यूपी सरकार के मंत्री बृजेश सिंह ने कहा कि पीएम मोदी के मार्गदर्शन और सीएम योगी के नेतृत्व में राज्य विकास की नई ऊंचाइयों को छू रहा है। उन्होंने कहा कि करीब दो महीने पहले पीएम ने इस एयरपोर्ट का लोकार्पण किया था और आज यहां से पहली व्यावसायिक उड़ान लखनऊ के लिए हुई। उन्होंने बताया कि इस विशेष अवसर पर क्षेत्र के स्थानीय विधायक और 150 से ज्यादा किसान इस पहली उड़ान में शामिल हुए। उन्होंने कहा कि यह एयरपोर्ट केवल एक बुनियादी ढांचा परियोजना नहीं है, बल्कि यह पीएम मोदी के विजन और सीएम योगी की प्रभावी कार्यान्वयन नीति का प्रमाण है। साथ ही, यह उन किसानों के सहयोग और त्याग का प्रतीक भी है, जिन्होंने इस परियोजना के लिए अपनी भूमि सरकार को दी। मंत्री बृजेश सिंह ने किसानों के योगदान को सराहते हुए कहा कि आज के दिन सबसे ज्यादा बधाई के हकदार किसान हैं। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक सिंह ने कहा कि नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के संचालन से एनसीआर और आसपास के क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर आर्थिक विकास होगा। इस परियोजना से करीब एक लाख नए रोजगार सृजित होंगे और स्वरोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे। इससे क्षेत्रीय अर्थव्यवस्था को नई गति मिलेगी। वहीं बीजेपी विधायक धीरेंद्र सिंह इस अवसर को भावनात्मक और ऐतिहासिक बताते हुए कहा कि यह किसानों के जीवन का एक यादगार क्षण है। उन्होंने कहा कि आज यह किसान पहली बार हवाई यात्रा कर रहे हैं और अपने खेतों को आसमान से देखेंगे, तो यह उनके जीवन की एक नई अनुभूति होगी। यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण के मुख्य कार्यकारी अधिकारी राकेश कुमार सिंह ने कहा कि पीएम मोदी ने एक ऐसे भविष्य की कल्पना की थी जिसमें चप्पल पहनने वाला आम नागरिक भी हवाई यात्रा कर सके। आज नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के जरिए सीएम योगी के मार्गदर्शन में पीएम मोदी का सपना सच हो रहा है। नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट से पहली उड़ान में इस इलाके के किसान सीएम योगी से मिलने और उन्हें धन्यवाद देने के लिए लखनऊ रवाना हुए। यह हम सभी के लिए बहुत गर्व की बात है। सीईओ ने बताया कि एयरपोर्ट की शुरुआती क्षमता करीब 1 करोड़ यात्रियों की है जिसे भविष्य में चरणबद्ध तरीके से बढ़ाकर करीब 22 करोड़ तक पहुंचाने की योजना है। पूरी तरह विकसित होने पर यह एयरपोर्ट एशिया के सबसे बड़े एयरपोर्ट्स में शामिल होगा। उन्होंने बताया कि इस एयरपोर्ट की नींव 2021 में रखी गई थी और इसे रिकॉर्ड समय में पूरा किया गया है। आज इसका संचालन शुरू होना क्षेत्रीय विकास के लिए एक ऐतिहासिक उपलब्धि है। सिराज/ईएमएस 15जून26