लंदन,(ईएमएस)। हाल ही में, विस्कॉन्सिन के डोर काउंटी में लेक मिशिगन की गहराइयों में एक 138 साल पुराने जहाज का मलबा मिला है। इस खोज ने समुद्री इतिहास में एक नया अध्याय जोड़ दिया है। डोर काउंटी एडवेंचर राफ्टिंग के मालिक और टूर गाइड मैट ओल्सन को एक रहस्यमयी सैटेलाइट तस्वीर में पानी के भीतर एक अजीब धब्बा दिखाई दिया। उत्सुकता के कारण, उन्होंने अपनी नाव, सोनार और डाइविंग गियर के साथ रोउलीज बे के पास जांच शुरू की। जैसे ही उन्होंने गोता लगाया, उन्हें एक विशाल जहाज के अवशेष मिले। यह जहाज करीब 130 फुट लंबा और दो मस्तूलों वाला था, जिसे मजबूत ओक की लकड़ी से बनाया गया था। यह जहाज 1887 में मिशिगन की ओर आयरन ओर लोड करने जा रहा था। यात्रा के दौरान, एक भीषण तूफान और घने कोहरे के कारण यह जहाज रास्ते से भटक गया और बार्कर शोल नामक चट्टान से टकराकर डूब गया। अच्छी बात यह थी कि जहाज पर सवार सभी लोग सुरक्षित बचकर पास के स्पाइडर आइलैंड पर पहुंच गए थे। हालांकि, उस समय जहाज को खोजने के कई प्रयास किए गए, लेकिन वे सभी असफल रहे। उस समय इसकी कीमत लगभग 25 लाख अमेरिकी डॉलर थी। मैट ओल्सन ने जब यह खोज विस्कॉन्सिन हिस्टोरिकल सोसायटी के समुद्री पुरातत्वविदों के साथ साझा की, तो इसकी पुष्टि हुई कि यह एक ऐतिहासिक जहाज है। समुद्री पुरातत्वविद् तमारा थॉमसेन ने भी इस खोज को बहुत महत्वपूर्ण बताया। यह मैट ओल्सन की तीसरी बड़ी खोज है। इससे पहले उन्होंने 2023 में सनसाइन और 2024 में ग्रे ईगल नामक जहाजों का मलबा भी खोजा था। यह खोज सिर्फ एक जहाज का पता लगाना नहीं है, बल्कि यह लेक मिशिगन की गहराइयों में दबे हुए इतिहास को फिर से दुनिया के सामने लाती है। आशीष/ईएमएस 29 अगस्त 2025