-- आरुषि और शिखा ने साझा किए अनुभव,एसीएस पार्थ सारथी ने छात्रों को किया प्रेरित ✍️ अतीश दीपंकर भागलपुर (ईएमएस)| उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में आयोजित एक भव्य राज्य स्तरीय शैक्षणिक कार्यक्रम में देशभर के विभिन्न राज्यों के छात्रों ने हिस्सा लिया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में उत्तर प्रदेश बेसिक शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव (ACS) पार्थ सारथी सेन शर्मा शामिल हुए। उन्होंने अपने संबोधन में छात्रों को भविष्य का निर्माता बताते हुए उन्हें नेतृत्व क्षमता विकसित करने के लिए प्रेरित किया। इस कार्यक्रम में बिहार के भागलपुर के छात्रों के एक प्रतिनिधिमंडल ने विशेष रूप से अपनी उपस्थिति दर्ज कराई और अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया। कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण बिहार के भागलपुर जिला की दो छात्राएं रहीं। जिले के जगदीशपुर प्रखंड के मिडिल स्कूल सैनी की छात्रा आरुषि भारती और सुल्तानगंज प्रखंड के मिडिल स्कूल शांति देवी मुरारका की छात्रा शिखा ने मंच पर अपने विचार रखे। दोनों छात्राओं ने बताया कि, वे किस प्रकार अपने स्कूलों में बाल संसद के माध्यम से सकारात्मक बदलाव ला रही हैं। उनकी बातों ने वहां मौजूद सभी शिक्षाविदों और छात्रों को प्रभावित किया। सीखने और सिखाने का अनूठा मंच एसीएस पार्थ सारथी सेन शर्मा ने छात्रों से संवाद करते हुए कहा कि, ऐसे आयोजन से एक-दूसरे से सीखने का बेहतरीन अवसर प्रदान करते हैं। बिहार से आईं आरुषि और शिखा को भी अन्य राज्यों के विभिन्न स्कूलों और संस्थानों से आए छात्रों के साथ बात-चीत करने और उनके अनुभवों से सीखने का मौका मिला। छात्रों ने जाना कि ,नेतृत्व केवल बड़े शहरों तक सीमित नहीं है, बल्कि सुदूर गांवों के स्कूलों में भी छात्र अपनी मेहनत से बदलाव ला रहे हैं।