राज्य
09-Jan-2026
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* 48 किमी बायीं नहर की 45 प्रतिशत लाइनिंग टूटी * दांयीं तट नहर में छोड़ेंगे पानी कोरबा (ईएमएस) कोरबा जिले में स्थापित हसदेव बांगो बांध में अभी 84.95 प्रतिशत पानी का भराव है। इसके बाद भी नहर की लाइनिंग मरम्मत के लिए बांयीं तट नहर में पानी नहीं छोड़ने का लिया है। दांयीं तट नहर से रबी फसल के लिए पानी दिया जाएगा। 48 किलोमीटर लंबी बायीं नहर की लगभग 45 प्रतिशत लाइनिंग टूटी हुई है। इसकी मरम्मत नहीं हुई तो खरीफ में पानी छोड़ना मुश्किल हो जाएगा। बांगो बांध की खरीफ में सिंचाई क्षमता 2 लाख 55 हजार हेक्टेयर और रबी में 1 लाख 73 हजार हेक्टेयर है। बांयीं तट नहर से कोरबा के साथ जांजगीर-चांपा, सक्ती व रायगढ़ जिले में सिंचाई होती है। लाइनिंग मरम्मत के लिए अलग-अलग हिस्से में करीब 50 करोड़ की मंजूरी मिली है। कोरबा में ही 18 किलोमीटर लाइनिंग की मरम्मत के लिए 20.73 करोड़ की मंजूरी मिली है। पहले चरण में 9.45 किलोमीटर नहर की मरम्मत 7 करोड़ में कराई जा रही है। इसका काम भी पिछले महीने इसके से ही शुरू हुआ है। अलावा 2 और टेंडर इस महीने फाइनल हो जाएगा। * हाइडल प्लांट से सिर्फ 3 घंटे ही बन रही है बिजली बांगो बांध के नीचे 120 मेगावाट क्षमता का हाइडल पावर प्लांट है। फिलहाल इसे अभी 3 घंटे ही चलाया जा रहा है। सिंचाई के लिए पानी छोड़ने पर समय को बढ़ाया जाएगा। दायीं तट नहर से एनटीपीसी सीपत को भी पानी दिया जाता है। इस वजह से इस नहर में मांग के अनुसार बाकी दिनों में भी पानी छोड़ जाता है। * बांगो बाँध में पिछले वर्ष की तुलना में 2.10 मीटर अधिक पानी बांगो बाँध में पिछले साल की तुलना में 2.10 मीटर अधिक पानी का भराव है। बांध की क्षमता 359.66 मीटर है। गुरुवार को जलस्तर 357.09 दर्ज किया गया। पिछले साल इसी अवधि में 354.83 मीटर था। 2024 में 354.74 मीटर और 2023 में 356.40 मीटर जलस्तर रहा है। इस हिसाब में 4 साल में सबसे अधिक पानी भराव है। * सुनालिया-राताखार के बीच दूसरे छोर पर भी बनेगी रोड नगर निगम ने ट्रैफिक को डाइवर्ट करने नहर के सुनालिया पुल से दूसरे छोर पर सड़क बनाने की प्लानिंग करी है। इसके साथ ही अग्रसेन चौक पर नया पुल बनाया जाएगा। इस वजह से भी नहर की मरम्मत जरूरी है। इसके बिना नहर के ऊपर कोई भी काम नहीं करा सकते। * लाइनिंग टूटने से सड़क धंसी, खंभे भी झुके बांयीं तट नहर सड़क के बीच से गुजरी है। इससे नहर के ऊपर सड़क बनाने के साथ बिजली खंभे भी लगाए हैं। राताखार से सीतामढ़ी तक लाइनिंग टूटने से सड़क धंस रही है। खंभे भी झुक गए हैं। इसी वजह से शहर के बीच की नहर लाइनिंग पहले सुधारी जा रही है। * रबी फसल के लिए पानी की मांग पर मरम्मत जरूरी हसदेव दर्री बराज के ईई एस.एन. साय ने जानकारी देते हुए बताया कि रबी फसल के लिए बांयीं तट नहर में पानी नहीं देने का निर्णय लिया गया है। किसानों की ओर से मांग आई है। नहर लाइनिंग मरम्मत भी चल रहा है। * बांगो बांध में पर्याप्त पानी मांग अनुसार छोड़ा जाएगा हसदेव बांगो परियोजना के ईई धर्मेंद्र निखरा ने जानकारी देते हुए बताया कि बांगो बांध में पर्याप्त पानी का भराव है। सिंचाई के लिए डिमांड के अनुसार ही पानी छोड़ेंगे। इसका निर्णय जल उपयोगिता समिति लेती है। * पिछले साल से राशि हो चुकी है मंजूर, लेकिन अब तक काम ही नहीं हुआ शुरू रबी फसल के लिए पानी देने से मरम्मत के लिए समय नहीं मिला था। पिछले साल से राशि मंजूर है, पर काम नहीं हुआ। खरीफ के लिए जुलाई से अक्टूबर तक पानी छोड़ते हैं। रबी फसल के लिए जनवरी से अप्रैल तक पानी देते हैं। बांयीं तट नहर लगातार 3 साल से अलग-अलग स्थानों में फूट चुकी है। शहर में ही सीतामढ़ी के साथ राताखार के पास लीकेज हो चुका है। पिछले साल खरीफ में बारिश की वजह से पूरी क्षमता के साथ पानी छोड़ने की नौबत नहीं आई, पर आगे पूरी क्षमता के साथ पानी छोड़ने पर नहर के फूटने का खतरा बना हुआ है। 09 जनवरी / मित्तल