क्वेटा,(ईएमएस)। बलूचिस्तान में आजादी के समर्थक हथियारबंद ग्रुप्स के एक अलायंस, बलूच राजी आजोई संगर (बीआरएएस) ने 2025 में पाकिस्तानी सुरक्षा बलों पर 174 हमलों की जिम्मेदारी ली है। ग्रुप का दावा है कि उसने 167 सैन्य और खुफिया विभाग के लोगों को मार गिराया है। स्थानीय मीडिया ने इसकी जानकारी दी। ग्रुप ने कहा कि इन हमलों में पूरे प्रांत में 95 पाकिस्तानी सुरक्षा अधिकारी घायल हुए हैं। रिपोर्ट के मुताबिक बीआरएएस ने 2025 के लिए अपनी नवीनतम इंफोग्राफिक रिपोर्ट में कहा कि उसके लड़ाकों ने हमलों में 26 लोगों को पकड़ा, जिनमें पाकिस्तानी खुफिया विभाग के सदस्य भी शामिल हैं। बीआरएएस ने 35 धमाके, 14 छापे और 35 घेराबंदी और तलाशी अभियान को अंजाम दिया। इसमें 15 बुनियादी ढांचों को निशाना बनाया, 30 पाकिस्तानी सरकारी और सैन्य गाड़ियां नष्ट किया और 51 हथियार जब्त किए हैं। रिपोर्ट के मुताबिक बीआरएएस ने दावा किया कि अगस्त 2025 में बलूचिस्तान में एक बड़े हमले में उसके लड़ाकों ने खुजदार के जेहरी शहर पर एक महीने से ज्यादा समय तक कब्जा जमा कर रखा था। ग्रुप ने बड़ी संख्या में गाड़ियों, हथियारों और सैन्य उपकरणों को जब्त करने का दावा किया है और कहा कि उसके लड़ाकों ने अपने पूर्ण नियंत्रण वाले इलाके में गश्त की और सार्वजनिक मंच से लोगों को संबोधित भी किया। पिछले हफ्ते बीआरएएस अलायंस से जुड़े हथियारबंद ग्रुप्स ने भी अपनी 2025 की सालाना ऑपरेशन रिपोर्ट जारी की थी। बलूच लिबरेशन आर्मी (बीएलए) की रिपोर्ट के मुताबिक उसके लड़ाकों ने पिछले साल 521 हमले किए जिसमें 1,060 से ज्यादा पाकिस्तानी सैनिक मारे गए और 556 से ज्यादा घायल हुए। ग्रुप ने कहा कि गाड़ियां, क्वाडकॉप्टर, सर्विलांस टावर और सैन्य ठिकानों को तबाह कर दिया गया और 208 हथियार जब्त किए हैं। बीएलएफ ने भी 2025 में बलूचिस्तान में पाकिस्तानी सुरक्षा बलों के खिलाफ 581 हथियारबंद हमलों की जिम्मेदारी ली, जिसमें 929 लोग मारे गए। इनमें 647 सुरक्षाकर्मी मारे गए और 282 लोग घायल हुए। जनवरी से दिसंबर 2025 की सालाना ऑपरेशनल रिपोर्ट में बीएलएफ ने कहा कि इन अभियानों से पाकिस्तानी सुरक्षा बलों को जान-माल का काफी नुकसान हुआ। एक बयान में बीएलएफ प्रवक्ता मेजर ग्वाहरम बलूच ने बलूचिस्तान के नेशनल रेजिस्टेंस स्ट्रगल कहे जाने वाले ग्रुप की उपलब्धियों को सराहा और 2025 को निर्णायक और असाधारण वर्ष बताया। इसके अलावा बलूच रिपब्लिकन गार्ड्स (बीआरजी) ने कहा कि उसने बलूचिस्तान, सिंध और पंजाब समेत पाकिस्तान के कई प्रांतों में 88 हमले किए, जिसमें पाकिस्तानी सेना द्वारा इस्तेमाल किए जाने वाले रेलवे ट्रैक, चेकपॉइंट, पुलिस पोस्ट, गैस पाइपलाइन और कम्युनिकेशन टावर को टारगेट किया गया, जिसमें 22 लोगों की जान गई और 35 घायल हो गए। बलूचिस्तान, पाकिस्तानी प्रशासन के निराशाजनक रवैए का शिकार है। इस इलाके के लोगों का आरोप है कि सैन्य बल, डेथ स्क्वॉड की मदद से स्थानीय बाशिंदों को जबरन गायब करने, न्यायेतर हत्या और गैर-कानूनी तरीके से हिरासत में रखने के लिए करता है। सिराज/ईएमएस 12जनवरी26