- पहचान छिपाकर की दोस्ती, फिर शादी का झासां देकर किया दुष्कर्म - बच्चे के जन्म के बाद असली पहचान बताकर बनाया धर्म परिवर्तन का दबाव भोपाल(ईएमएस)। शहर के शाहजहांनाबाद थाना इलाके में विधवा महिला को अपनी पहचान छिपाकर प्रेम-जाल में फसांने के बाद दुष्कर्म किये जाने का मामला सामने आया है। आरोप है की मुस्लिम युवक ने अपनी पहचान छिपाकर खुद को हिंदू बताकर पीड़िता विधवा महिला से नजदीकियां बढ़ाई, फिर उसके साथ दुष्कर्म कर वीडियो बनाकर लंबे समय तक ब्लैकमेल करते हुए उसका शारीरिक शोषण करता रहा। बाद में पीड़िता ने बच्चे का जन्म दिया जिसके बाद आरोपी ने उससे शादी करने की बात कहते हुए अपनी असली पहचान बताई साथ ही धर्म परिवर्तन का दबाव बनाया। मिली जानकारी के अनुसार 37 वर्षीय पीड़िता की शादी साल 2009 में हुई थी। बाद में साल 2015 में उसके पति का देहांत हो गया था। इसके बाद वह अपने इकलौते बेटे के साथ हबीबगंज क्षेत्र में रहते हुए अरेरा कॉलोनी में प्राइवेट नौकरी करती थी। साल 2020 में उसकी पहचान उसी इलाके में एक चिकन शॉप संचालक लक्की उर्फ समीर से हो गई। आरोप है की समीर ने खुद को हिंदू बताकर उससे नजदीकियां बढ़ाई। कुछ समय बाद पीड़िता ईदगाह हिल्स स्थित एक मकान में किराये से रहने लगी। इस दौरान आरोपी ने उसके घर आना-जाना शुरु किया और एक दिन महिला को अकेला पाकर जर्बदसती उसके साथ दुष्कर्म कर डाला। इस दौरान आरोपी ने आपत्तिजनक वीडियो भी रिकॉर्ड कर लिया। ज्यादती के बाद आरोपी ने वीडियो वायरल करने की धमकी देकर पीड़िता केा ब्लैकमेल करते हुए लंबे समय तक अपनी हवस का शिकार बनाता रहा। करीब दो साल पहले पीड़िता ने अपने गर्भवती होने की जानकारी आरोपी को दी। इस पर आरोपी ने उससे शादी करने का वादा किया। इसके बाद महिला ने एक बच्चे को जन्म दिया। बच्चे के जन्म के बाद पीड़िता ने आरोपी पर जल्द ही शादी करने का दबाव बनाना शुरु किया तब आरोपी ने अपनी असली पहचान बताते हुए महिला को बताया कि वह मुस्लिम है। और उसे शादी करने के लिये अपना धर्म परिवर्तन करना होगा, इसके बाद आरोपी उस पर लगातार धर्म परिवर्तन करने का दबाव बनाने लगा। पीड़िता ने जब उसकी बात मानने से इंकार किया तब आरोपी ने उसके साथ मारपीट करनी शुरु कर दी। उसकी प्रताड़ना और मानसिक तनाव से तंग आई पीड़िता पुलिस के पास जा पहुंची। बताया गया है की मामले में थाना पुलिस ने 10 जनवरी को आरोपी लक्की उर्फ समीर के खिलाफ दुष्कर्म, ब्लैकमेलिंग और धार्मिक स्वतंत्रता अधिनियम की धाराओं के तहत मामला कायम कर उसे गिरफ्तार करने के बाद आगे की कार्यवाही कर रही है।