राष्ट्रीय
17-Jan-2026
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कहा- हम सिक्योरिटी, काउंटर टेररिज्म, एनर्जी जैसे क्षेत्रों में मिलकर काम करते रहेंगे नई दिल्ली,(ईएमएस)। भारत में अमेरिका के राजदूत सर्जियो गोर ने अपना कामकाज शुरू कर दिया है। कामकाज शुरू करने के बाद गोर सबसे पहले मुंबई पहुंचे। इस दौरान उन्होंने रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया के गवर्नर संजय मल्होत्रा से मुलाकात की। इस मुलाकात की जानकारी देते हुए सर्जियो गोर ने एक्स पर लिखा- आरबीआई के गवर्नर संजय मल्होत्रा ​​से मिलकर बहुत अच्छा लगा। हमने सहयोग बढ़ाने के क्षेत्रों पर चर्चा की, जिसमें नई स्टेट ऑफ द आर्ट अमेरिकी तकनीक भी शामिल है। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक अमेरिकी राजदूत ने टाटा कंपनी के चेयरमैन एन चंद्रशेखरन से भी मुलाकात की। मुलाकात की तस्वीरें शेयर कर गोर ने लिखा- टाटा कंपनी के चेयरमैन एन चंद्रशेखरन के साथ मेरी अच्छी मीटिंग हुई। यह एक ऐसा समूह है जिसकी 150 साल पुरानी शानदार विरासत है और जिसकी अमेरिका में अच्छी-खासी मौजूदगी है। गोर ने लिखा था- मुंबई में अपने पहले दौरे की शुरुआत हमारे वाणिज्य दूतावास से करने के लिए बहुत उत्साहित हूं। हमारी समर्पित टीम अमेरिका-भारत साझेदारी को मजबूत करने के लिए कड़ी मेहनत कर रही है। सोमवार को नई दिल्ली में अपनी जिम्मेदारी संभालने के बाद राजदूत गोर ने 14 जनवरी को राष्ट्रपति भवन में हुए एक समारोह में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू को अपने क्रेडेंशियल्स दिए। इसे लेकर उन्होंने एक्स पर लिखा- मैंने राष्ट्रपति भवन में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू को भारत में अमेरिका के राजदूत के तौर पर अपने क्रेडेंशियल्स सौंप दिए हैं। मैं अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप के भरोसे के लिए उनका आभारी हूं और उनकी सरकार की प्राथमिकता को आगे बढ़ाने पर गर्व करता हूं। हम सब मिलकर सुरक्षा, व्यापार, ऊर्जा और तकनीक में अपनी साझेदारी को मजबूत करेंगे और अमेरिका-भारत साझेदारी बनाएंगे जो 21वीं सदी को डिफाइन करेगी। सर्जियो गोर ने कहा था कि आप में से कई लोगों ने मुझसे चल रही ट्रेड डील की बातचीत पर अपडेट मांगा है। दोनों पक्ष लगातार सक्रिय रूप से बातचीत कर रहे हैं। असल में, ट्रेड पर अगली बातचीत मंगलवार को होगी। ट्रेड हमारे रिश्ते के लिए बहुत जरूरी है। हम सिक्योरिटी, काउंटर टेररिज्म, एनर्जी, तकनीक, शिक्षा और स्वास्थ्य जैसे दूसरे बहुत जरूरी क्षेत्रों में भी मिलकर काम करते रहेंगे। गोर ने भारत को यूएस का सबसे जरूरी साझेदार बताते हुए कहा था कि भारत से ज्यादा जरूरी कोई पार्टनर नहीं है। आने वाले महीनों और सालों में राजदूत के तौर पर मेरा लक्ष्य एक बहुत बड़ा एजेंडा पूरा करना है। सिराज/ईएमएस 17जनवरी26 ----------------------------------