बिना ओटीपी मिलान किए बाइक पर सवार होना पड़ा भारी, आरोपी तुषार वर्मा गिरफ्तार इंदौर (ईएमएस)। शहर के किशनगंज थाना क्षेत्र में मानवता को शर्मसार करने वाली एक जघन्य वारदात सामने आई है। ऑनलाइन बाइक टैक्सी का इंतज़ार कर रही एक कॉलेज छात्रा के साथ एक युवक ने खुद को राइडर बताकर न केवल धोखाधड़ी की, बल्कि उसे सुनसान इलाके में ले जाकर दरिंदगी को अंजाम दिया। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए सीसीटीवी फुटेज की मदद से आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है, लेकिन इस घटना ने ऐप-आधारित परिवहन सेवाओं की सुरक्षा और यात्रियों की सावधानी पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। प्राप्त जानकारी के अनुसार, पीड़िता इंदौर के किशनगंज क्षेत्र स्थित एक निजी कॉलेज की छात्रा है और स्थानीय पीजी हॉस्टल में रहती है। सोमवार रात वह अपनी मौसी के साथ राजवाड़ा क्षेत्र से लौट रही थी। भंवरकुआं चौराहे पर मौसी के उतरने के बाद छात्रा ने अपने हॉस्टल जाने के लिए रैपिडो ऐप के माध्यम से बाइक बुक की। इसी दौरान, बुलेट सवार एक युवक वहां पहुंचा और उसने छात्रा से गंतव्य के बारे में पूछा। छात्रा के मुंह से रैपिडो शब्द सुनते ही आरोपी ने शातिर चाल चली और खुद को संबंधित कंपनी का राइडर बताया। छात्रा ने बिना वाहन नंबर की पुष्टि किए और बिना ओटीपी साझा किए उस पर भरोसा कर लिया और बाइक पर सवार हो गई। :: शॉर्टकट का झांसा देकर की दरिंदगी :: सफर के दौरान जब आरोपी बाइक को मुख्य मार्ग से हटाकर सुनसान रास्तों की ओर ले जाने लगा, तो छात्रा ने आपत्ति जताई। आरोपी ने शॉर्टकट का बहाना बनाकर उसे झांसे में रखा। अंततः, आरोपी उसे एक निर्माणाधीन सुनसान इमारत में ले गया, जहाँ उसने छात्रा के साथ मारपीट की और डरा-धमकाकर बलात्कार की जघन्य वारदात को अंजाम दिया। वारदात के बाद आरोपी पीड़िता को वहीं छोड़कर फरार हो गया। :: सीसीटीवी से खुला राज :: मामले की गंभीरता को देखते हुए डीएसपी ग्रामीण उमाकांत चौधरी के नेतृत्व में किशनगंज पुलिस ने तत्काल प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू की। पुलिस की अलग-अलग टीमों ने क्षेत्र के दर्जनों सीसीटीवी कैमरों को खंगाला। तकनीकी इनपुट्स और मुखबिरों की सूचना पर पुलिस ने आरोपी तुषार वर्मा (निवासी हरसोला) को धर दबोचा। आरोपी पीथमपुर की एक निजी कंपनी में कार्यरत है। पुलिस के अनुसार, आरोपी और पीड़िता के बीच पहले से कोई जान-पहचान नहीं थी। :: यात्रियों के लिए अलर्ट :: इस घटना ने तकनीकी युग में व्यक्तिगत सुरक्षा के प्रति सतर्कता की अनिवार्यता को रेखांकित किया है। यात्रियों को इन 4 सुरक्षा मानकों का पालन अनिवार्य रूप से करना चाहिए: सत्यापन : वाहन पर बैठने से पहले ऐप में दिए गए नंबर और चालक की तस्वीर का मिलान अवश्य करें। ओटीपी प्रोटोकॉल : कभी भी बिना ट्रिप स्टार्ट (ओटीपी प्रक्रिया) किए यात्रा शुरू न करें। असली राइडर हमेशा पहले ओटीपी की मांग करेगा। लाइव लोकेशन शेयरिंग : यात्रा शुरू करते ही अपनी लाइव लोकेशन अपने परिवार या किसी भरोसेमंद मित्र के साथ व्हाट्सएप या गूगल मैप्स पर साझा करें। साथ ही ऐप के भीतर दिए गए शेयर ट्रिप फीचर का उपयोग करें। एसओएस और सतर्कता : मोबाइल पर खुद भी मैप चालू रखें और रास्ते में किसी भी बदलाव पर तुरंत विरोध करें। आपात स्थिति में तुरंत 100 या 112 नंबर डायल करें। हमने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है और साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं ताकि उसे कड़ी से कड़ी सजा दिलाई जा सके। हम नागरिकों से अपील करते हैं कि अनजान व्यक्तियों पर भरोसा न करें और डिजिटल सुरक्षा फीचर्स का पूर्ण उपयोग करें। — उमाकांत चौधरी, डीएसपी (ग्रामीण), इंदौर