क्षेत्रीय
02-Feb-2026
...


- नदियों के किनारों से नहीं हटी डेयरियां जबलपुर (ईएमएस)। नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी) द्वारा 9 वर्ष पूर्व दिए गए आदेश के बाद भी परियट, गौर तथा नर्मदा के किनारों पर स्थापित डेयरियां नहीं हटाई गई, जिससे डेयरियों से निकलने वाली गंदगी से नर्मदा में प्रदूषण हो रहा है, जल दूषित हो रहा है| लिहाजा वहां की डेयरियां हटाई जाए तथा उन्हें नई नगह शिफ्ट किया जाए, यह आदेश एक याचिका में सुनवाई के बाद नेशनल ग्रीन ट्रिब्युनल द्वारा वर्ष 2017 में जारी किए गए थे| आदेश के 9 वर्ष बीत जाने के बावजूद भी कार्रवाई नहीं हुई| एनजीटी के आदेशानुसार डेयरी स्टेट बनाया गया, किंतु 5 वर्ष बीतने के बावजूद भी वहां पर डेयरियां शिफ्ट नहीं हुई| नर्मदा सेवा यात्रा मिशन को 7 वर्ष बीतने के बावजूद भी गौर, परियट के किनारे बसी डेरियों का अपशिष्ट दूषित जल नर्मदा में मिल रहा है| इस योजना के तहत भी वहां की डेयरियां हटाई नहीं गई है| नेशनल ग्रीन ट्रिब्युनल ने 28 जनवरी 2026 को पुन: निर्देश जारी किए है| लिहाजा तदानुसार कार्रवाई शीघ्र नहीं की गई तो उपभोक्ता मंच द्वारा पुन: एनजीटी में अवमानना याचिका दायर की जाएगी, इस आशय का नोटिस सोमवार को मंच के अध्यक्ष डॉ.पीजी नाजपांडे ने मुख्य सचिव, कलेक्टर तथा नगर निगम आयुक्त को सौंपा है| नदी के 500 मीटर के बाहर डेयरियां हो .......... डॉ.पीजी नाजपांडे ने बताया कि डेयरियों के स्थापना संबंध में एनजीटी ने स्पष्ट नीति निर्देश जारी कर बताया है कि उन्हें नदी के 500 मीटर के दूरी पर होना चाहिए| तदानुसार गौर, परियट तथा नर्मदा के किनारों की डेयरियों को हटाये| सुनील साहू / मोनिका / 02 फरवरी 2026