राज्य
05-Feb-2026


सामाजिक कार्यकर्ता ने नगर पालिका और ठेकेदारों का किया विरोध रामनगर (ईएमएस)। रामनगर नगर में प्रवेश शुल्क के नाम पर पर्यटकों से की जा रही वसूली को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। आज सामाजिक कार्यकर्ता नरेंद्र शर्मा ने नगर पालिका द्वारा लगाए गए प्रवेश शुल्क का विरोध करते हुए इसे अवैध करार दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि नगर पालिका के ठेकेदार पीडब्ल्यूडी और नेशनल हाईवे मार्गों पर भी प्रवेश शुल्क के नाम पर अवैध वसूली कर रहे हैं, जो नियमों के विरुद्ध है। नरेंद्र शर्मा ने कहा कि नियमों के अनुसार नगर पालिका केवल अपने नगरीय क्षेत्र की सीमा के भीतर ही प्रवेश शुल्क वसूल सकती है, लेकिन इसके बावजूद नगर पालिका क्षेत्र से बाहर, राष्ट्रीय राजमार्ग और राज्य मार्गों पर भी पर्यटकों से शुल्क लिया जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि यह न केवल नियमों का उल्लंघन है, बल्कि इससे शहर की छवि भी धूमिल हो रही है। सामाजिक कार्यकर्ता ने बताया कि विरोध के दौरान नगर पालिका के अंतर्गत ठेका लिए ठेकेदारों के कर्मचारियों से उनकी तीखी बहस भी हुई। उन्होंने ठेकेदारों पर आरोप लगाया कि वे जबरन शुल्क वसूलकर अतिथि देवो भवः की भावना को तार-तार कर रहे हैं। उनका कहना है कि इस तरह की वसूली से पर्यटकों में गलत संदेश जा रहा है और पर्यटन पर भी नकारात्मक असर पड़ रहा है। नरेंद्र शर्मा ने विशेष रूप से नगर वन क्षेत्र का उल्लेख करते हुए कहा कि यह इलाका नगर पालिका क्षेत्र के अंतर्गत नहीं आता, इसके बावजूद वहां भी प्रवेश शुल्क लिया जा रहा है, जो पूरी तरह गलत है। उन्होंने कहा कि पहले भी नगर पालिका की ओर से स्पष्ट किया गया था कि प्रवेश शुल्क केवल नगर पालिका क्षेत्र में ही लिया जाएगा, लेकिन इसके बावजूद दोबारा नेशनल हाईवे, राज्य मार्ग और नगर पालिका सीमा से बाहर शुल्क वसूली की जा रही है। वहीं इस मामले में नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी आलोक उनियाल ने कहा कि यह मामला उनके संज्ञान में आया है। उन्होंने बताया कि पूरे प्रकरण की जांच की जाएगी और यदि कहीं नियमों का उल्लंघन पाया जाता है, तो नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। शैलेन्द्र नेगी/ईएमएस/05 फरवरी 2026