बोलीं- एक युवक को उसकी भाषा, पहचान और जड़ों की वजह से निशाना बनाया कोलकाता,(ईएमएस)। पश्चिम बंगाल की सीएम ममता बनर्जी ने पुणे में हुई बंगाल के मजदूर की हत्या की निंदा की। उन्होंने इस घटना को हेट क्राइम बताते हुए कहा कि किसी राज्य में बाहरी लोगों के प्रति नफरत को हथियार और निर्दोष लोगों को निशाना बनाया जा रहा है। सीएम ममता ने आधिकारिक एक्स हैंडल पर घटना का वीडियो पोस्ट करते हुए गहरा दुख और आक्रोश जताया। उन्होंने पोस्ट में लिखा- मैं शब्दों से परे विचलित हो गई हूं, क्रोधित हूं और आहत हूं। पुरुलिया के बंडवान का 24 साल का प्रवासी मजदूर सुखेन महतो, जो अपने परिवार का इकलौता कमाने वाला था, उसकी पुणे, महाराष्ट्र में बर्बर हत्या कर दी गई। ममता ने कहा कि यह सीधा-सीधा हेट क्राइम है। एक युवा को उसकी भाषा, पहचान और जड़ों की वजह से निशाना बनाया गया, उसे प्रताड़ित किया गया और मार डाला। यह उसी माहौल का नतीजा है, जहां जेनोफोबिया को हथियार बनाया जा रहा है। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक सीएम ममता ने दोषियों की तुरंत गिरफ्तारी और कड़ी से कड़ी सजा की मांग की। सुखेन के परिवार से कहना चाहती हूं कि इस असीम दुख की घड़ी में पूरा बंगाल आपके साथ खड़ा है। न्याय दिलाने में कोई कसर नहीं छोड़ी जाएगी। बता दें यह पहली बार नहीं है जब ममता बनर्जी ने दूसरे राज्यों, खासकर बीजेपी शासित राज्यों में बंगाल के प्रवासी मजदूरों पर हमलों के मुद्दे पर आवाज उठाई है। वह पहले भी देशभर में बंगाली भाषी लोगों के साथ उत्पीड़न के खिलाफ केंद्र सरकार को घेरती रही हैं। पुलिस के मुताबिक मृतक का नाम सुखेन महतो है और वह पुरुलिया के बंडवान का रहने वाला था। बुधवार दोपहर पुणे के शिकारपुर पुलिस थाने के अंतर्गत कोरेगांव भीमा क्षेत्र से उसका शव मिला था। आरोप है कि उसे बंगाली में बात करने के कारण पीट-पीटकर मार डाला। इस मामले में उसके बड़े भाई तुलसीराम महतो ने शिकारपुर थाने में हत्या की शिकायत दर्ज कराई है। बताया जा रहा है कि सुखेन 2021 से पुणे में प्रवासी मजदूर के रूप में काम कर रहा था। वह कोरेगांव भीमा के पास सनतबाड़ी इलाके में एक कार पार्ट्स निर्माण कंपनी में काम करता था। उसका शव उसी इलाके से बरामद हुआ। सिराज/ईएमएस 12फरवरी26