क्षेत्रीय
12-Feb-2026
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- फर्जी ऐप से बचने सायबर सेल ने जारी की एडवायजरी - टिंडर, बम्बल, ट्रूली मेडली जैसी डेटिंग-ऐप पर एक्टिव है सायबर ठगोरे - ठग करते है वीडियो कॉल, फिर उसे रिकार्ड कर करते है ब्लेकमेल भोपाल(ईएमएस)। वेलेटाइन डे से पहले जारी प्यार के सीजन के बीच ही साइबर क्राइम ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के जरिये फ्रेंडशिप और डेटिंग करने वाले युवक-युवतियो को डेटिंग ऐप फ्रॉड से बचने के लिये एडवायजरी जारी की है। - डेटिंग-ऐप क्या है फर्जी प्रोफाइल बनाकर ठग लोगों को हनीट्रैप में फंसाकर करते है ब्लैकमेलिंग वर्तमान समय में युवा और अन्य महिला-पुरुष व्यक्तिगत, अकेलेपन या समय गुजारने के लिये सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर नए लोगों से मिलने और फ्रेंडशिप करने के लिए कई तहर के डेटिंग ऐप्स जैसे टिंडर, टिंडर, बम्बल, ट्रूली मेडली आदि का उपयोग कर रहे हैं। इन प्लेटफॉर्म्स पर अनजान लोगो से दोस्ती करना काफी जोखिम भरा हो सकता है। एडवायजरी में कहा गया है की कई ऐप्स पर साइबर अपराधी अपनी फर्जी प्रोफाइल बनाकर लोगों को ठगी, हनीट्रैप और ब्लैकमेलिंग का शिकार बना रहे हैं। यदि आप इन प्लेटफॉर्म्स का उपयोग करते समय असावधान रहते हैं, तो आप न केवल आर्थिक नुकसान उठा सकते हैं, बल्कि मानसिक और सामाजिक उत्पीड़न का भी शिकार हो सकते हैं। - फर्जी प्रोफाइल से बचने के लिये यह रखे सावधानियां फर्जी प्रोफाइल से बचने के लिये डेटिंग ऐप्स पर किसी भी अनजान व्यक्ति की फोटो या उसका प्रोफाइल देख कर तुरंत ही उस पर भरोसा न करें। अनजान व्यक्ति को अपनी निजी जानकारी जैसै अपना मोबाइल नंबर, घर का पता, ऑफिस की जानकारी या बैंक डिटेल्स कभी भी शेयर न करें। - सोच समझकर करे वीडियो कॉल दोस्ती बढ़ने पर अधिकतर दोनो दोस्तो के बीच वीडियो कॉल पर बातचीत होने लगती है। जबकि अज्ञात व्यक्ति के साथ वीडियो कॉल करते समय अधिक सावधानी बरतनी चाहिये। क्योंकि शातिर अपराधी वीडियो रिकॉर्ड कर उसे एडिट (डीपफेक) कर सकते हैं, और इसके आधार पर समाज में आपको और आपके परिवार को बदनाम करने की धमकी देकर आपको ब्लैकमेल कर सकते हैं। - अश्लील सामग्री साझा न करें: डेटिंग ऐप पर बने अनजान दोस्तो से किसी भी तरह की अश्लील सामग्री जैसै अपनी निजी तस्वीरें या वीडियो किसी को न भेजें और न ही इस तरह की कोई और सामग्री शेयर करें। ठग इनका दुरुपयोग आपको डराने-धमकाने के लिए करते है। - डेटिंग के सुरक्षित स्थान चुनें यदि आप अपने किसी सोशल मीडिया फ्रेंड से मिलने का फैसला करते हैं, तो हमेशा किसी सार्वजनिक भीड़-भाड़ वाली सुरक्षित जगह जैसे कैफे या मॉल पर ही मिले। इसमें आपके साथ किसी तरह की अनहोनी होने का खतरा कम रहता है, वहीं यदि आप किसी तरह के फ्रॉड या ब्लेकमेंलिग का शिकार होते है, तो आरोपी के पकड़े जाने की संभावना भी अधिक रहती है। - यदि आप शिकार हो जाएं यह करें यदि आप किसी भूल या गलती के कारण जालसाजो के जाल में फंस जायें तो घबरायें नहीं फौरन ही इसकी शिकायत नजदीकी पुलिस स्टेशन में दर्ज करायें। साथ ही पुलिस ने आमजन से अपील की है की अपनी निजे जीवन से जुडे कई मामलो में साइबर सुरक्षा को प्राथमिकता दें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तुरंत रिपोर्ट करें। आपकी सतर्कता ही सबसे बड़ा बचाव है। किसी भी तरह की सायबर काईम संबंधित घटना होने पर इसकी सूचना भोपाल सायबर क्राइम के हेल्पलाइन नम्बर 9479990636 अथवा राष्ट्रीय हेल्पलाईन नंबर 1930 पर दें। जुनेद / 12 फरवरी