क्षेत्रीय
12-Feb-2026
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सिंगरौली।(ई एम एस )मध्यप्रदेश के सिंगरौली जिले के जियावन थाना क्षेत्र अंतर्गत अंतरवा गांव में हुए सनसनीखेज दोहरे हत्याकांड ने पूरे इलाके को दहला दिया है। सोमवार तड़के 4 से 5 बजे के बीच हुई इस खौफनाक वारदात ने ग्रामीणों में दहशत का माहौल पैदा कर दिया है। प्रारंभिक जांच में जादू-टोना और नरबलि की आशंका जताई जा रही है, हालांकि पुलिस ने अभी इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की है। *पूजा-पाठ के बहाने बुलाया, फिर किया जानलेवा हमला* पुलिस सूत्रों के अनुसार आरोपी छत्रपति सिंह ने अपने ही घर पर पड़ोसियों को पूजा-पाठ के बहाने बुलाया था। देर रात अचानक उसने धारदार हथियार से हमला कर दिया। इस हमले में फूल कुमारी सिंह (50 वर्ष) और कमला सिंह (65 वर्ष) की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई। घटना की जानकारी मिलते ही देवसर एसडीओपी गायत्री तिवारी और जियावन थाना प्रभारी ज्ञानेंद्र सिंह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। एफएसएल (फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी) की टीम को भी तत्काल बुलाया गया, जिसने घटनास्थल से साक्ष्य एकत्र किए। *शवों के पास मिले एक दर्जन नारियल और कुल्हाड़ी* घटनास्थल पर बने चबूतरे के पास लगभग एक दर्जन नारियल और एक कुल्हाड़ी मिली है। इस रहस्यमयी परिस्थिति ने मामले को और भी संदिग्ध बना दिया है। ग्रामीणों के बीच यह चर्चा है कि वारदात किसी अंधविश्वास या जादू-टोने के संदेह में की गई हो सकती है। हालांकि पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट कारण सामने आएगा। बीच-बचाव करने वालों पर भी हमला, तीन महिलाएं घायल बताया जा रहा है कि जब घटना की चीख-पुकार सुनकर ग्रामीण मौके पर पहुंचे और बीच-बचाव का प्रयास किया, तो आरोपी ने उन पर भी हमला कर दिया। इस हमले में सुमित्रा सिंह और रामभजन सिंह गंभीर रूप से घायल हो गए। दोनों को तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया गया है। सूत्रों के मुताबिक, तीन अन्य महिलाएं भी इस हमले में घायल हुई हैं। *मानसिक तनाव और अंधविश्वास की पृष्ठभूमि* प्रारंभिक जानकारी के अनुसार आरोपी पिछले कुछ समय से मानसिक तनाव में था। बताया जा रहा है कि उसकी पत्नी के मिसकैरेज के बाद वह देवी-देवताओं के नाराज होने की बात कह रहा था और लगातार पूजा-पाठ व टोटकों में लगा हुआ था। पुलिस इस एंगल से भी जांच कर रही है कि कहीं अंधविश्वास और मानसिक असंतुलन ने इस वारदात को जन्म तो नहीं दिया। *आरोपी गिरफ्तार, गांव में पुलिस बल तैनात* एसडीओपी गायत्री तिवारी ने बताया कि आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। उसके खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर लिया गया है। गांव में किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर स्थिति को नियंत्रण में रखा गया है। एफएसएल रिपोर्ट और विस्तृत पूछताछ के बाद ही हत्या के वास्तविक कारणों का खुलासा हो सकेगा। *अंधविश्वास बना जानलेवा* यह घटना एक बार फिर सवाल खड़े करती है कि क्या आज भी समाज में अंधविश्वास और टोटकों के नाम पर निर्दोष लोगों की जान ली जा रही है? प्रशासन और समाज दोनों के लिए यह चेतावनी है कि ऐसे कुप्रथाओं के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएं। सिंगरौली का यह दोहरा हत्याकांड न केवल कानून-व्यवस्था पर प्रश्नचिह्न है, बल्कि सामाजिक चेतना के लिए भी एक गंभीर संदेश है। आर एन पाण्डेय /12फरवरी2026