-डिप्टी मेयर ऑफिस में टीपू सुल्तान की तस्वीर लगाने पर सियासत गरमाई मुंबई,(ईएमएस)। महाराष्ट्र के मालेगांव में डिप्टी मेयर ऑफिस में टीपू सुल्तान की फोटो लगाए जाने को लेकर सियासत गरमा गई है। इस मुद्दे पर एआईएमआईएम नेता वारिस पठान ने आरएसएस और बीजेपी पर जमकर निशाना साधा। उनका बयान सामने आते ही राजनीतिक माहौल और गर्म हो गया। एआईएमआईएम नेता वारिस पठान ने कहा है कि आरएसएस और बीजेपी वाले उन सभी का विरोध करेंगे जिन्होंने जंग-ए-आजादी में हिस्सा लिया। यह मुसलमानों से नफरत क्यों करते हैं? क्योंकि हम वह लोग हैं जिन्होंने जंग-ए-आजादी में अपनी जानें गवाई हैं। उनका कहना है कि आजादी की लड़ाई में कुर्बानी देने वालों को निशाना बनाया जा रहा है और इतिहास को लेकर जानबूझकर विवाद खड़ा किया जा रहा है। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक वारिस पठान ने कहा कि जंग-ए-आजादी में आरएसएस कहां था? यह तो ब्रिटिशों के गुलाम थे। जब हम जानें गवां रहे थे तब यह उनके तलवे चाट रहे थे। मुझे आरएसएस के किन्हीं दो लोगों के नाम बताओ जो वंदे मातरम् पढ़ते हुए फांसी पर चढ़ गए या जेल गए हों। इन्हें कुछ काम नहीं केवल नफरत फैलाना आता है। अब क्या संविधान से भी निकाल देंगे? जो इतिहास है, आप उसे नहीं मिटा सकते। मालेगांव के डिप्टी मेयर कार्यालय में टीपू सुल्तान की तस्वीर लगाए जाने के बाद कुछ हिंदूवादी संगठनों ने आपत्ति जताई। उनका कहना है कि इस तरह के कदम से विवाद पैदा होता है। वहीं पठान का कहना है कि टीपू सुल्तान को इतिहास में एक योद्धा के रूप में देखा जाता है और उनकी तस्वीर लगाने में कोई आपत्ति नहीं होनी चाहिए। फिलहाल यह मुद्दा राजनीतिक रंग ले चुका है। सिराज/ईएमएस 14फरवरी26