- एक वर्ष हो गया, इस आदेश को कूड़ेदान में डाला गया - 22 मार्च विश्व जल दिवस पर उल्हास वालधुनी सरिता संवर्धन कार्यकर्ता नदीपात्र में बैठकर आंदोलन करेंगे उल्हासनगर, (ईएमएस)। महाराष्ट्र राज्य सिंचाई विभाग ने उल्हासनगर के शहाड परिसर में उल्हास नदी पर भाजपा विधायक कुमार आयलानी की विधायक निधि से सार्वजनिक निर्माण विभाग द्वारा 7 करोड़ रुपये खर्च कर बनाया गया एंटीलिया घाट को अवैध ठहराया और गिराने का आदेश दिया। सामाजिक कार्यकर्ता सरिता खानचंदानी की शिकायत पर उल्हासनगर महानगरपालिका को निर्देश दिए गए। 2022 में, विधायक कुमार आयलानी ने गणपति विसर्जन के लिए घाट और रिजेंसी एंटीलिया हाउसिंग सोसाइटी के पीछे नागरिकों के लिए चलने का मार्ग बनाने के लिए विधायक निधि आवंटित करने के बाद पीडब्ल्यूडी ने काम शुरू किया था। सरिता खानचंदानी ने सबसे पहले उमनपा से शिकायत की कि उल्हास नदी के किनारे अवैध रूप से पेड़ काटे जा रहे हैं। जब उल्हासनगर मनपा ने जवाब नहीं दिया, तो उन्होंने नदी का परिसर जिस सिंचाई विभाग के अंतर्गत आता है, साथ ही ठाणे जिला कलेक्टर कार्यालय में शिकायत की। उसके बाद लगातार 1 वर्ष तक पत्र व्यवहार किया, विधायक निधि का उपयोग करके उल्हास नदी पर बनाया जा रहा घाट अवैध है। उसे गिराओ, ऐसे आदेश देकर भी 1 वर्ष हो गया, लेकिन इस आदेश को प्रशासन की ओर से मानो कूड़ेदान में डाल दिया गया है। सामाजिक कार्यकर्त्ता शशिकांत दायमा ने बताया कि कार्रवाई न होने पर आगामी 22 मार्च विश्व जल दिवस पर उल्हास-वालधुनी सरिता संवर्धन कार्यकर्ता नदीपात्र में बैठकर आंदोलन करेंगे। संतोष झा- १६ फरवरी/२०२६/ईएमएस