राष्ट्रीय
17-Feb-2026
...


नई दिल्ली,(ईएमएस)। बीते एक दशक में भारतीय अविवाहितों के बीच विवाह की औसत उम्र 27 से बढ़कर 29 वर्ष हो गई, जबकि दूसरी शादी चाहने वालों की संख्या में 43 प्रतिशत बढ़ी है। एक रिपोर्ट में इसकी जानकारी दी गई। एक अध्ययन रिपोर्ट में 2016 से 2025 के बीच उपयोगकर्ता रुझानों का विश्लेषण किया। साथ ही 2026 में 30,000 से अधिक सक्रिय उपयोगकर्ताओं से प्राप्त सर्वेक्षण संबंधी जानकारियों का भी उपयोग किया। रिपोर्ट में बताया गया कि पिछले दशक में, हमसफर की तलाश शुरू करने वाले उपयोगकर्ताओं की औसत उम्र 27 से बढ़कर 29 वर्ष हुई है। अब 50 प्रतिशत उपयोगकर्ता 29 वर्ष की उम्र में यह प्रक्रिया शुरू कर रहे हैं। यह बदलाव दिखाता है कि वित्तीय स्थिरता, करियर में प्रगति और शादी के लिए व्यक्तिगत रूप से तैयार होना, संभवत: इसके प्रमुख कारक हैं। इस अध्ययन में फिर से शादी करने की चाहने वालों की संख्या में भी तीव्र वृद्धि दर्ज की गई। रिपोर्ट के मुताबिक, 2016 में साइट पर 11 प्रतिशत उपयोगकर्ता दूसरी शादी की तलाश में थे, जबकि 2025 तक यह आंकड़ा बढ़कर 16 प्रतिशत हुआ था, जो 10 वर्षों में 43 प्रतिशत की वृद्धि दर्शाता है। इसमें कहा गया है कि तलाकशुदा प्रोफाइल में रुचि दिखाने वाले 15 प्रतिशत अब इसतरह के लोग हैं, जिन्होंने कभी शादी नहीं की है, जो तलाक को एक लांछन के रूप में देखने वाली सोच में धीरे-धीरे कमी आने का संकेत देती है। रिपोर्ट में सामने आया कि जाति को एक सख्त प्राथमिकता के रूप में मानने वाले उपयोगकर्ताओं की संख्या में भारी गिरावट आई है। वर्ष 2016 में 91 प्रतिशत उपयोगकर्ता ने जाति को समझौते से परे की कसौटी माना, लेकिन वर्ष 2025 में इसतरह के लोगों की संख्या घटकर 54 प्रतिशत रह गई। आशीष/ईएमएस 17 फरवरी 2026