-जमात के डॉ. शफीकुर रहमान से की शिष्टाचार भेंट, नई जिम्मेदारी के लिए दी शुभकामनाएं ढाका,(ईएमएस)। भारत बांग्लादेश में आवामी लीग के शासन काल में काफी हद तक पूर्व पीएम शेख हसीना के साथ रिश्तों पर निर्भर था यानी इस क्रम में भारत बांग्लादेश की जनता या फिर वहां के सभी दलों के साथ संबंध बनाने में विफल रहा। हालांकि इसके पीछे एक कारण था कि वहां के राजनीतिक दल जमात और बीएनपी भारत विरोधी भावनाएं भड़काने में लगे थे, लेकिन अब बांग्लादेश बदल गया है। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक शेख हसीना केंद्रित नीति की वजह से जब पूर्व पीएम को बांग्लादेश छोड़ना पड़ा तो भारत के लिए मुश्किल समय आ गया। भारत के लिए बांग्लादेश में एक वैक्युम बन गया। वहां मोहम्मद यूनुस के नेतृत्व में बनी अंतरिम सरकार के साथ रिश्ते सहज नहीं रहे। बांग्लादेश में भारत विरोधी भावनाएं चरम पर पहुंच गई। वहां अल्पसंख्यकों के साथ हिंसा में भी भारी बढ़ोतरी देखी गई यानी भारत की दशकों से चली आ रही शेख हसीना केंद्रीत नीति को जबर्दस्त चुनौती मिली, लेकिन अब चुनाव के बाद बांग्लादेश के साथ भारत अपने रिश्तों को नए तरीके से लिखना शुरू कर दिया है। भारत अब किसी एक दल या व्यक्ति के साथ रिश्तों को तरजीह देने की बजाय बांग्लादेश की जनता और वहां के दलों के साथ रिश्तों को मजबूत करने की रणनीति पर चल रहा है। इसी क्रम में मंगलवार को तारिक रहमान की शपथ ग्रहण समारोह में पहुंचे भारत के विदेश सचिव विक्रम मिस्री ने कूटनीतिक चाल चली। मिस्री ने समारोह के इतर बांग्लादेश के नेता प्रतिपक्ष और बांग्लादेश जमात-ए-इस्लामी के अमीर डॉ. शफीकुर रहमान से शिष्टाचार भेंट की। विदेश सचिव ने डॉ. रहमान को उनकी नई जिम्मेदारी के लिए शुभकामनाएं दीं और बांग्लादेश के प्रति भारत के निरंतर समर्थन को दोहराया। उन्होंने कहा कि भारत-बांग्लादेश संबंध लोगों के बीच जुड़ाव पर आधारित हैं और दोनों देशों के बीच सहयोग का दायरा व्यापक और जन-केंद्रित है। रिपोर्ट के मुताबिक डॉ. शफीकुर रहमान ने भी दोनों देशों के बीच गहरे सभ्यतागत और ऐतिहासिक रिश्तों का उल्लेख करते हुए संबंधों को और मजबूत बनाने की आशा व्यक्त की। वहीं लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने बांग्लादेश के नवनियुक्त पीएम तारिक रहमान से मुलाकात की। यह भेंट नई बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (बीएनपी) सरकार के शपथ ग्रहण समारोह के बाद हुई। ओम बिरला ने एक्स पर पोस्ट में कहा कि ढाका में पीएम तारिक रहमान के नेतृत्व में बनी नई सरकार के शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होकर प्रसन्नता हुई। भारत एक लोकतांत्रिक, प्रगतिशील और समावेशी राष्ट्र के निर्माण के लिए बांग्लादेश के प्रयासों में सहयोग देने को तैयार है। बैठक के दौरान बिरला ने पीएम रहमान को पदभार ग्रहण करने पर बधाई दी और भारत आने का निमंत्रण भी दिया। दोनों नेताओं ने भारत और बांग्लादेश के लोगों के कल्याण के लिए मिलकर काम करने की प्रतिबद्धता जताई। भारत में बांग्लादेश के उच्चायुक्त रियाज़ हमीदुल्लाह ने भी एक्स पर साझा बयान में कहा कि पीएम तारिक रहमान ने भारत और पीएम मोदी के लिए शुभकामनाएं प्रेषित कीं। उन्होंने कहा कि दोनों देशों के बीच सहयोग का एजेंडा जन-केंद्रित रहेगा और आपसी संबंधों को नई ऊंचाई देने के लिए मिलकर काम किया जाएगा। सिराज/ईएमएस 18फरवरी26