- एक दर्जन से अधिक जिलों के कलेक्टर बदले जाएंगे भोपाल (ईएमएस)। मप्र में सरकार एक बड़ी प्रशासनिक सर्जरी की तैयारी कर रही है। माना जा रहा है कि होली के बाद मैदानी अफसरों की तबादला सूची जारी की जाएगी। मिली जानकारी के अनुसार, करीब एक दर्जन जिलों के कलेक्टर को बदलने की तैयारी की गई है। सूत्रों का कहना है कि मुख्य सचिव अनुराग जैन ने कलेक्टर-कमिश्नर कॉफ्रेंस के बाद अफसरों की परफॉर्मेंस रिपोर्ट तैयार करवा ली है। सूत्रों का कहना है कि मुख्य सचिव की कलेक्टर-कमिश्नर कॉफ्रेंस के बाद अधिकारियों की परफॉर्मेंस रिपोर्ट तैयार कर ली है। अब उस रिपोर्ट के आधार पर प्रदेश सरकार बड़ा प्रशासनिक फेरबदल करेगी। जिसमें एक दर्जन से अधिक जिलों के कलेक्टर भी बदले जाने की संभावना है। इस फेरबदल में भोपाल कलेक्टर कौशलेंन्द्र विक्रम सिंह, धार के प्रियंक मिश्रा से लेकर रीवा, ग्वालियर, मैहर, नर्मदापुरम, झाबुआ जिले की महिला कलेक्टर को बदले जाने की संभावना है। साथ ही 2017 बैच के आईएएस अधिकारियों को कलेक्टर बनाने का सिलसिला शुरू होगा। मंत्रालय सूत्रों के अनुसार मैदानी अधिकारियों की पदस्थापना को लेकर शासन स्तर पर मंथन हो चुका है। तबादलों में तीन संभागायुक्त भोपाल, ग्वालियर, रीवा को बदला जा सकता है। भोपाल कलेक्टर कौशलेन्द्र विक्रम सिंह सचिव पदोन्नत हो गए हैं। उन्हें भोपाल संभागायुक्त बनाया जा सकता है या फिर मुख्यमंत्री कार्यालय में वापसी हो सकती हैं। 15 से ज्यादा कलेक्टरों के तबादले जानकारी के अनुसार, मप्र सरकार बड़ी प्रशासनिक सर्जरी की तैयारी कर रही है। विधानसभा के बजट सत्र के बाद 15 से ज्यादा जिलों के कलेक्टरों के तबादले किए जा सकते हैं। कलेक्टरों की नई पदस्थापना के लिए सरकार मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) का काम पूरा होने की तैयारी कर रही थी। 21 फरवरी को मतदाता सूची के अंतिम प्रकाशन के बाद एसआईआर का काम पूरा हो गया है। विधानसभा सत्र का समापन 6 मार्च को होगा। दरअसल, गत अक्टूबर से शुरू हुए मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्य के दौरान कलेक्टरों के तबादलों पर अघोषित प्रतिबंध लगा हुआ था। इस अवधि में सरकार चुनाव आयोग की अनुमति लेकर ही कलेक्टरों की नई पदस्थापना कर सकती थी। एसआईआर प्रक्रिया के दौरान सरकार ने जनवरी में सिर्फ अशोकनगर कलेक्टर आदित्य सिंह का तबादला किया था। इसके लिए सरकार ने तीन नामों का पैनल चुनाव आयोग को भेजा था। चुनाव आयोग की अनुमति से साकेत मालवीय को अशोकनगर का कलेक्टर पदस्थ किया गया था। अब चूंकि एसआईआर का काम पूरा हो चुका है, इसलिए सरकार ने कुछ जिलों के कलेक्टरों को बदलने की तैयारी शुरू कर दी है। सीएम डॉ. मोहन यादव और मुख्य सचिव अनुराग जैन के बीच कलेक्टरों की नई पदस्थापना को लेकर प्रारंभिक चर्चा हो चुकी है। खराब रिपोर्ट वालों पर गिरेगी गाज आधिकारिक जानकारी के मुताबिक सरकार को कुछ ऐसे कलेक्टरों के तबादला करना है, जिनकी रिपोर्ट अच्छी नहीं है। इसका आंकलन मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव द्वारा कलेक्टर-कमिश्नर कॉन्फ्रेंस करके दिए गए निर्देशों के पालन प्रतिवेदन के आधार पर किया गया है। कई कलेक्टरों द्वारा भ्रष्टाचार की शिकायतें शासन के पास पहुंची हैं। मुख्य सचिव अनुराग जैन दो बार कलेक्टर कमिश्नरों के कामकाज का आंकलन विभिन्न आधार पर करा चुके हैं। रिपोर्ट सामान्य प्रशासन विभाग ने तैयार भी कर ली है। मुख्य सचिव दो बार वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिए कलेक्टरों के कामकाज की समीक्षा कर चुके हैं। इस रिपोर्ट के आधार बजट सत्र के बाद मंत्रालय से लेकर मैदानी स्तर पर परिवर्तन किया जाएगा। कुछ सचिव स्तर के अधिकारियों को नए दायित्व दिए जाएंगे, तो कुछ अन्य अधिकारियों को भी बदला जाएगा। मैदानी स्तर पर कलेक्टर के साथ अपर कलेक्टर भी बदले जाएंगे। इसमें वे अधिकारी भी शामिल होंगे, जिन्हें ढाई साल से अधिक समय एक स्थान पर हो गया है। विनोद/ 01 मार्च 26