भोपाल,(ईएमएस)। मध्य प्रदेश में आबकारी कॉन्स्टेबल भर्ती परीक्षा में बड़ी गड़बड़ी पकड़ में आई है। रतलाम स्थित परीक्षा केंद्र पर कई छात्र मिले हैं, जिनका दिमाग सुपर कंप्यूटर से भी तेज चल रहा था। उन अभ्यर्थियों ने 100 सवालों के जवाब 15 से 30 मिनट में दे दिए हैं। इसके बाद वे परीक्षा केंद्र में बैठे रहे हैं। यह देखकर परीक्षा केंद्र में ड्यूटी कर रहे पर्यवेक्षक भी हैरान थे। वहीं, जब परिणाम आया तब 100 प्रतिशत अंक मिले है। इसके बाद मध्य प्रदेश कर्मचारी चयन मंडल ने 12 अभ्यर्थियों पर एफआईआर दर्ज करा दी। दरअसल, आबकारी कॉन्स्टेबल भर्ती-2024 की परीक्षा प्रदेश के अलग-अलग परीक्षा केंद्रों पर आयोजित हुई थी। परीक्षा का केंद्र रतलाम पब्लिक स्कूल में था। इस स्कूल में कर्मचारी चयन मंडल ने पहली बार परीक्षा केंद्र बनाया था। इसी परीक्षा केंद्र में कुछ छात्रों का दिमाग सुपर कंप्यूटर से भी तेज चल रहा था। यह देखकर लोग हतप्रभ थे। दो घंटे का पेपर इन छात्रों ने 15 से 30 मिनट में पूरा कर दिया। वहीं, 5 फरवरी 2026 को आबकारी आरक्षक भर्ती परीक्षा का रिजल्ट आया था। इसके बाद सबसे ज्यादा प्रतिशत वाले छात्रों का आयोग ने डेटा चेक किया है। इस दौरान 12 छात्र इसतरह के मिले, जिनके अंक बहुत अधिक थे। ये लोग पूर्व की परीक्षाओं में बैठे थे लेकिन कभी 50 से अधिक अंक नहीं आए। लेकिन आबकारी भर्ती में परीक्षा में सभी के 90 से अधिक अंक आ गए। जांच के दौरान यह बात सामने आई कि इन आरोपियों को केंद्र पर किसी ने मदद की है। इन 12 अभ्यर्थियों ने एक साथ परीक्षा नहीं दी थी। बल्कि अलग-अलग तारीख और समय पर इनकी परीक्षा हुई थी। मीडिया रिपोर्ट्स के दौरान यह बात सामने आई है कि इनका मददगार एक ही व्यक्ति था। एमपी कर्मचारी चयन मंडल ने अब कुल 12 अभ्यर्थियों पर केस दर्ज कराया है। इन छात्रों में आशुतोष, विवेक, कुलदीप, सुभाष और रवि, दयाशंकर, अनिल, शैलेंद्र, अंकित, संजीत, पुष्पेंद्र और आशु है। सभी छात्रों ने 15 से 30 मिनट में सवाल को हल कर लिए थे। गौरतलब है कि कर्मचारी चयन मंडल ने यह परीक्षा नौ सितंबर 2025 से 21 सितंबर 2025 के बीच भोपाल, इंदौर और रतलाम समेत 11 शहरों में आयोजित करवाई थी। परीक्षा में कुल 2,40,010 अभ्यर्थियों के प्रवेश पत्र दिए गए थे। लेकिन परीक्षा में शामिल 1,10,032 अभ्यर्थी ही शामिल हुए। जांच में सामने आया कि ये छात्र डेढ़ घंटे तक केवल परीक्षा केंद्र में बैठे रहे। सवालों का जवाब देने के बाद इनकी कोई गतिविधि नहीं दिख रही थी। न ही कोई रफ वर्क कर रहे थे। इससे पता चलता है कि ये लोग सिर्फ टीक करने आए थे। सीसीटीवी फुटेज में यह भी दिखा है कि इन्हें कोई बाहर का व्यक्ति गाइड कर रहा था। आशीष दुबे / 03 मार्च 2026