राज्य
05-Mar-2026


:: मध्य पूर्व एशिया में फंसे मध्यप्रदेश के नागरिकों के लिए विशेष कंट्रोल रूम स्थापित; सुरक्षित वापसी के लिए केंद्र से समन्वय :: इंदौर (ईएमएस)। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मध्य पूर्व एशिया में युद्ध की स्थिति पर गहरी संवेदनशीलता व्यक्त करते हुए कहा है कि मध्यप्रदेश के नागरिकों की सुरक्षा और सहायता के लिए राज्य सरकार ने पुख्ता इंतजाम किए हैं। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के सक्षम नेतृत्व में भारत सरकार ने पूर्व में भी ऐसी चुनौतियों का डटकर सामना किया है और समाधान का मार्ग प्रशस्त किया है। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि गृह विभाग और नई दिल्ली स्थित आवासीय आयुक्त कार्यालय की टीमें पूरी तरह तैनात हैं और विदेश मंत्रालय के साथ निरंतर समन्वय किया जा रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि नागरिकों की सहायता के लिए नई दिल्ली में विशेष कंट्रोल रूम स्थापित किया गया है। परिजन अपनी सूचनाएं सीएम हेल्पलाइन 181 पर साझा कर सकते हैं। इसके अतिरिक्त, नई दिल्ली स्थित कंट्रोल रूम के दूरभाष नंबर 011-26772005, व्हाट्सऐप नंबर 9818963273 और ईमेल आईडी mphelpdeskgulf@gmail.com पर भी संपर्क किया जा सकता है। अब तक लगभग 50 परिवारों ने पंजीकरण कराया है, जिनका पूरा रिकॉर्ड रखा जा रहा है ताकि उनकी सुरक्षित स्वदेश वापसी सुनिश्चित की जा सके। :: केंद्र सरकार और विदेश मंत्रालय के प्रयासों की सराहना :: मुख्यमंत्री ने कहा कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह संपूर्ण स्थिति की सूक्ष्मता से समीक्षा कर रहे हैं। विदेश मंत्रालय सहित भारत सरकार के सभी संबंधित मंत्रालय नागरिकों को सुरक्षित निकालने के लिए गतिशील हैं। युद्ध क्षेत्र में फंसे नागरिकों के लिए भोजन और अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं की चिंता भी शासन स्तर पर की जा रही है। डॉ. यादव ने परिजनों से संवाद स्थापित करते हुए उन्हें ढांढस बंधाया कि सरकार इस चुनौती का समुचित ढंग से सामना कर रही है। :: सेफ रहें और एक रहें का आह्वान :: मुख्यमंत्री ने नागरिकों से अपील की है कि वे शासन द्वारा स्थापित व्यवस्था पर पूर्ण विश्वास बनाए रखें। उन्होंने कहा, यह चुनौती अवश्य है, लेकिन कठिन कार्य नहीं है। हम हर संभव हल निकाल रहे हैं। उन्होंने फंसे हुए नागरिकों और उनके परिजनों से अनुरोध किया कि वे अपनी कठिनाइयों के बारे में हेल्पलाइन पर तुरंत अवगत कराएं। मुख्यमंत्री ने सेफ रहें और एक रहें का मंत्र देते हुए सभी प्रदेशवासियों की सुरक्षा के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई। प्रकाश/5 मार्च 2026