- होर्डिंग विवाद के बहाने नगर निगम पार्षदों ने खोला अफसरों के खिलाफ मोर्चा झाँसी (ईएमएस )पिछले कुछ दिनों से यह देखा जा रहा है कि ज्यादातर शहरों में किसी भी छोटे कार्यक्रम के लिए होर्डिंग एवं प्रचार सामग्री नगर के प्रमुख चौराहों एवं प्रमुख सड़कों पर अवैध रूप से लगाई जाती है। अक्सर यह देखा गया है कि किसी बड़े नेता के आगमन पर या किसी बड़े नेता के यहां के आयोजन पर फोटो युक्त अवैध होर्डिंग से पूरा शहर पाट दिया जाता है जो की पूर्णता एक अवैध कार्य की श्रेणी में आता है। किसी भी नगर निगम की आय का एक बड़ा स्रोत इन प्रचार सामग्रियों के उचित जगह पर लगाने से होता है और इसका बाकायदा ठेका दिया जाता है। जिससे नगर निगम को आय होती है विभाग द्वारा कैंटीलेवर यूनिपोल कियोस्क आदि का ठेका दिया जाता है। और यह निगम की आय का एक बड़ा स्रोत भी है। नियमअनुसार यदि किसी को प्रचार करना होता है तो इन्हीं वैध स्ट्रक्चर पर ही वैध जगह पर करना होता है।लेकिन कुछ नेता या प्रभावशाली लोग इस नियम को तोड़कर अपनी प्रचार सामग्री मनमानी जगह पर लगाते हैं। अगर झांसी महानगर की बात की जाए तो यहां के प्रमुख चौराहे इलाइट चौराहे पर इन अवैध होर्डिंग और प्रचार सामग्री को लगभग प्रतिदिन देखा जा सकता है। यहां तक की यह अवैध प्रचार सामग्री इलाइट चौराहे को अवरुद्ध कर भी लगाई जाती है जो कि कानून का खुला उल्लंघन है। मंगलवार को नगर निगम की सियासत ऐसे ही मुद्दों से गरमा गई पर इसमें गलती किसी एक पक्ष की नहीं थी नगर निगम ने पार्षद पुत्र की शादी के अवैध कट आउट हटवाये लेकिन महानगर के अन्य हिस्सों में लगे कट आउट ना हटवा कर एक बड़े विवाद को जन्म दे दिया। पार्षद पुत्र की शादी के प्रचार का अवैध तरीके से लगे होर्डिंग व कटआउट हटवाने पर काफी हंगामा हुआ। पार्षदों ने नगर निगम के द्वार पर धरना देते हुए जमकर नारेबाजी की। दोपहर बाद अधिकारियों को कार्यालय में प्रवेश ही नहीं करने दिया।पार्षदों का आरोप है कि अधिकारी मनमानी कर रहे हैं जिससे महानगर में विकास कार्य पूरी तरह से ठप हो गए हैं और इसका खामियाजा जनता को भुगतना पड़ रहा है। लगभग 5 से 6 घंटे तक पार्षद गेट पर डेरा डाले रहे इसी दौरान भारी पुलिस बल भी पहुंच गया देर शाम नगर मजिस्ट्रेट प्रमोद झा व अपर नगर आयुक्त राहुल यादव ने वार्ता की लेकिन पार्षद नहीं माने और उच्च अधिकारियों को बुलाने की जिद पर आ गए। देर रात सदर विधायक रवि शर्मा व महापौर बिहारी लाल आर्य ने पार्षदों को समझाया इसके बाद लगभग 11:00 बजे पार्षद धरने से उठे। पार्षदों ने महानगर में विकास कार्य पूरी तरह से ठप हो जाना, डीजल चोरी प्रकरण उजागर होने के बावजूद अफसर को बचाना, पार्किंग ठेके में घोटाला, शादी का होर्डिंग लगाने पर नगर निगम ने आम व्यक्ति पर मुकदमा दर्ज करना आदि मुद्दे भी जोर-शोर से उठाए। झांसी नगर निगम के उपसभापति आशीष तिवारी का कहना है की महानगर में पिछले तीन माह से विकास कार्य पूरी तरह से ठप हो गए हैं। सड़क उखड़ी पड़ी हैं। जनता सवाल करती है लेकिन पार्षद कोई जवाब नहीं दे पा रहे हैं।। नगर निगम के अधिकारी भी पार्षदों को उपेक्षित महसूस करा रहे हैं ऐसी स्थिति में धरना देना मजबूरी हो गया था। झांसी नगर आयुक्त आकांक्षा राणा का कहना है कि अवैध होर्डिंगस के खिलाफ अभियान चल रहा है और सभी तरह की अवैध प्रचार सामग्री को जप्त किया जा रहा है। वह सुबह 10:00 बजे कार्यालय में बैठ जाती हैं यदि कोई समस्या थी तो पार्षदों को उनसे बात करनी चाहिए थी उन्हें वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग में जाना था इसलिए पार्षदों से कल वार्ता करने का आश्वासन दिया था। शरद शिवहरे /ईएमएस /11मार्च