वॉशिंगटन,(ईएमएस)। आधुनिक युद्ध के मैदान में अब भारी-भरकम बारूद के बजाय सर्जिकल प्रिसिजन यानी अचूक सटीकता का महत्व बढ़ गया है। इस नई जंग का सबसे घातक योद्धा बनकर उभरा है बोइंग कंपनी का स्मार्ट डायामीटर बम (एसडीबी)। महज 53 लाख रुपये की लागत वाला यह छोटा हथियार आसमान से ऐसी सटीक आग बरसाता है कि पाताल में छिपे दुश्मन के बंकर भी सुरक्षित नहीं रह जाते। इजरायल और बोइंग के बीच हुआ करीब 2,400 करोड़ रुपये का यह मेगा सौदा भविष्य के युद्धों की रणनीति बदलने का एक बड़ा संकेत है। यह हथियार एक प्रिसिजन-गाइडेड म्यूनिशन है, जिसे विशेष रूप से कम वजन और उच्च मारक क्षमता के लिए डिजाइन किया गया है। इसकी सबसे बड़ी खूबी यह है कि यह लगभग 110 किलोमीटर की दूरी से ही दुश्मन के ठिकानों को मटियामेट कर सकता है। यह आईएनएस और जीपीएस तकनीक से लैस है, जो इसे खराब मौसम, धुएं या धूल के बीच भी पिन-पॉइंट सटीकता प्रदान करता है। स्टैंडऑफ रेंज अधिक होने के कारण लड़ाकू विमान को दुश्मन के एयर डिफेंस जोन में घुसे बिना ही काफी दूर से इसे लॉन्च करने की सुविधा मिलती है। तकनीकी रूप से, इस बम का वजन मात्र 113 किलोग्राम है, लेकिन कंक्रीट के मजबूत बंकरों को भेदने की इसकी क्षमता बेजोड़ है। इसके छोटे आकार के कारण एक ही विमान रैक पर चार बम ले जाए जा सकते हैं, जिससे एक ही उड़ान में कई अलग-अलग लक्ष्यों को निशाना बनाना संभव हो जाता है। पुराने 2,000 पाउंड वाले भारी बमों की तुलना में यह काफी किफायती है और इसके सटीक निशाने के कारण आसपास की नागरिक संपत्तियों को नुकसान (कोलैटरल डैमेज) होने का खतरा भी न्यूनतम रहता है। इजरायल के लिए यह सौदा लंबी अवधि की सुरक्षा रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है। सौदे की शर्तों के मुताबिक, इसकी डिलीवरी तीन साल बाद शुरू होगी। इसका अर्थ यह है कि इजरायल वर्तमान ईरान-इजरायल तनाव के साथ-साथ भविष्य के संभावित लंबे संघर्षों के लिए अपने शस्त्रागार को मजबूत कर रहा है। बोइंग के लिए भी यह सौदा एक बड़ी उपलब्धि है, जिससे उसका डिफेंस पोर्टफोलियो और सुदृढ़ हुआ है। इराक, अफगानिस्तान और सीरिया जैसे युद्ध क्षेत्रों में अपनी मारक क्षमता साबित कर चुका यह स्मार्ट बम अब इजरायली वायु सेना की शक्ति को कई गुना बढ़ाने के लिए तैयार है। वीरेंद्र/ईएमएस 14 मार्च 2026