भिंड ( ईएमएस ) | जिले के ग्राम बरासों के 18 वर्षीय करू कुशवाह पुत्र मुन्ना कुशवाह की आंखों की रोशनी 14 मार्च 2026 को सुबह करीब 8 बजे दुर्घटना की भेंट चढ़ गई। गांव जाते समय उनकी मोटरसाइकिल अनियंत्रित होकर खेत में गिर पड़ी। दुर्घटना में बाईं आंख में गहरी चोट लगी, जिससे तेज दर्द, सूजन, लालिमा और खून बहने लगा। परिजनों ने फौरन जिला चिकित्सालय भिण्ड के इमरजेंसी डिपार्टमेंट ट्रॉमा सेंटर पहुंचाया। ड्यूटी डॉक्टर ने तुरंत नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. रविकांत जैन को सूचित किया। डॉ. जैन ने मरीज का प्राथमिक परीक्षण कर नेत्र विभाग भेजा। नेत्र वार्ड में ओटी स्टाफ ने गंभीर स्थिति देखते हुए आई ओटी (नेत्र ओटी) में शिफ्ट किया और बाईं आंख की तत्काल शल्यक्रिया का निर्णय लिया। ऑपरेशन के दौरान पता चला कि निचली पलक की कंजक्टिवा एवं ऑर्बिट में लकड़ी के तीन टुकड़े (1 से 3 सेमी आकार के) फंसे हुए थे। सूजन और दर्द चरम पर था, लेकिन डॉ. जैन की संयमता और कुशलता से जटिल शल्यक्रिया सफल रही। सभी टुकड़े सुरक्षित निकाल लिए गए। यदि समय पर ऑपरेशन न होता, तो गंभीर संक्रमण फैल सकता था और नेत्र ज्योति हमेशा के लिए प्रभावित हो जाती। सौभाग्य से, ऑपरेशन के बाद करू कुशवाह की नेत्र ज्योति सामान्य है। सूजन-लालिमा 5-7 दिनों में दवाओं से ठीक हो जाएगी। यह सफलता मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. जे.एस. यादव और सिविल सर्जन डॉ. राजौरिया के प्रयासों व मार्गदर्शन का परिणाम है। जिला चिकित्सालय भिण्ड की टीम ने साबित किया कि समयबद्ध चिकित्सा से जिंदगियां बचाई जा सकती हैं। श्री करू कुशवाह अब स्वस्थ हैं और जिला चिकित्सालय स्टाफ को धन्यवाद ज्ञापित कर रहे हैं।