बिलासपुर (ईएमएस)। अखिल भारतीय विकलांग चेतना परिषद् की एक अत्यंत महत्वपूर्ण बैठक प्रदीप हेल्थ केयर प्रा. लि., तेलीपारा बिलासपुर स्थित कार्यालय में संपन्न हुई, जिसमें दिव्यांगजनों के लिए चल रहे सेवा कार्यों के विस्तार और आगामी कार्यक्रमों को लेकर निर्णायक रणनीति तैयार की गई। बैठक शाम 6.50 बजे प्रारंभ हुई, जिसमें परिषद् के प्रमुख पदाधिकारियों ने अब तक किए गए कार्यों की समीक्षा करते हुए उन्हें और अधिक प्रभावी व व्यापक बनाने पर जोर दिया। इस दौरान आगामी मई माह में आयोजित होने वाले दिव्यांग महोत्सव को लेकर विशेष रूप से विस्तृत चर्चा की गई। सर्वसम्मति से यह निर्णय लिया गया कि महोत्सव को भव्य और ऐतिहासिक स्वरूप दिया जाएगा, जिसमें सांस्कृतिक कार्यक्रम, प्रतिभा प्रदर्शन, प्रेरक सत्र, सम्मान समारोह एवं जागरूकता अभियान आयोजित किए जाएंगे, ताकि दिव्यांगजनों की प्रतिभाओं को राष्ट्रीय मंच मिल सके। राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष विनय कुमार पाठक ने कहा कि परिषद् का लक्ष्य दिव्यांगजनों को समाज की मुख्यधारा में लाना है। दिव्यांग महोत्सव के माध्यम से हम उनकी प्रतिभा, आत्मविश्वास और क्षमता को पूरे देश के सामने लाएंगे। यह आयोजन एक नई सोच और नई ऊर्जा का प्रतीक बनेगा। मदनमोहन अग्रवाल ने अपने वक्तव्य में कहा कि सेवा कार्यों को अब और व्यापक स्तर पर ले जाने का समय आ गया है। परिषद् हर उस दिव्यांग तक पहुंचेगी, जिसे सहयोग और मंच की आवश्यकता है। राजेन्द्र अग्रवाल ‘राजू’ ने कहा कि दिव्यांग महोत्सव केवल कार्यक्रम नहीं, बल्कि एक सामाजिक आंदोलन होगा, जो समाज में सकारात्मक बदलाव लाने का कार्य करेगा। विद्या केडिया ने कहा किदिव्यांग महिलाओं एवं बालिकाओं में भी अद्भुत प्रतिभाएं छिपी हैं, जिन्हें इस मंच के माध्यम से सामने लाया जाएगा। यह महोत्सव उनके आत्मविश्वास को नई ऊंचाई देगा। पंकज खण्डेलवाल ने अपने संबोधन में कहा दिव्यांग महोत्सव को हम केवल एक कार्यक्रम तक सीमित नहीं रखेंगे, बल्कि इसे जन-जागरूकता का बड़ा अभियान बनाएंगे। मीडिया और समाज के हर वर्ग को जोडक़र हम यह सुनिश्चित करेंगे कि दिव्यांगजनों की आवाज हर मंच तक पहुंचे और उनकी प्रतिभा को उसका उचित सम्मान मिले। डॉ. गजेंद्र तिवारी ने कहा दिव्यांगजनों के सशक्तिकरण के लिए केवल सहानुभूति नहीं, बल्कि ठोस अवसर और मंच आवश्यक हैं। यह महोत्सव उन्हें आत्मनिर्भर बनने की प्रेरणा देगा और समाज में उनकी भागीदारी को मजबूत करेगा। इस अवसर डॉ. विनयकुमार पाठक, मदनमोहन अग्रवाल, बी.एल. गोयल, राजू सुल्लानिया, लक्ष्मी कुमार जायसवाल, मुरारी लाल परमार, डी.पी. गुप्ता, राजेन्द्र अग्रवाल राजू, विद्या केडिया, पंकज खण्डेलवाल, विष्णु कुमार तिवारी,डॉ. गजेंद्र तिवारी,कैलाश गुप्ता एवं गोविंद राम मिरी विशेष रूप से उपस्थित रहे। अंत में सभी पदाधिकारियों ने यह संकल्प लिया कि परिषद् आने वाले समय में दिव्यांगजनों के लिए और अधिक प्रभावी, व्यापक एवं प्रेरणादायक कार्यक्रम आयोजित कर उन्हें आत्मनिर्भर और सशक्त बनाने की दिशा में निरंतर कार्य करती रहेगी। मनोज राज 20 मार्च 2026