दो सगे भाईयों की फर्म पर छापामार कार्रवाई भोपाल (ईएमएस) । केन्द्रीय गुड़स एवं सर्विस(सीजीएसटी) भोपाल की (ग्वालियर स्थित) निवारक शाखा से मिली जानकारी के आधार पर, मेसर्स हुंका ट्रेडर्स मालिक-विकास गुप्ता और मेसर्स विकास एंटरप्राइजेज मालिक-रामू गुप्ता के परिसरों में निरीक्षण और उसके बाद तलाशी अभियान चलाया गया। उक्त दोनों मालिक सगे भाई हैं और ये फर्में आस-पास ही स्थित हैं। इन फर्मो पर सीजीएसटी अधिनियम, 2017 के तहत माल का गलत वर्गीकरण, तंबाकू पर केंद्रीय उत्पाद शुल्क का भुगतान न करना और एचएसएनएस उपकर अधिनियम, 2025 के तहत अनिवार्य पंजीकरण प्राप्त किए बिना पाउच पैकिंग मशीनों का संचालन करना के तहत कार्रवाई की गई है। मेसर्स विकास एंटरप्राइजेज में एचएसएनएस उपकर के रूप में 32 करोड़ रुपये और मेसर्स हुंका ट्रेडर्स में केंद्रीय उत्पाद शुल्क के रूप में 3.32 करोड़ रुपये की कर चोरी को उजागर किया है यह कर चोरी फर्म में स्थित मशीनों की संख्या के आधार पर विगत दो माह की अवधि पर लगाई गई है। विकास एंटरप्राइजेज अवैध रूप से पान मसाला का उत्पादन कर रही थी। उक्त करदाता अपने निर्मित माल को एचएसएन 2106, अन्यत्र निर्दिष्ट या शामिल न किए गए खाद्य पदार्थ के तहत घोषित कर रहा है और 5 और 18 की दर से जीएसटी का भुगतान कर रहा है। हालांकि, प्राप्त जानकारी के अनुसार, करदाता वीएम ब्लैक ब्रांड नाम से सुगंधित सुपारी के उत्पादन में भी शामिल है, जिसमें चूना और अन्य घटक मिलाए गए हैं। इसलिए, करदाता सुगंधित सुपारी की आड़ में पान मसाला की आपूर्ति में लिप्त पाया गया है। करदाता द्वारा निर्मित पाउच पर यह वैधानिक चेतावनी भी अंकित है कि तंबाकू चबाना स्वास्थ्य के लिए हानिकारक है। तलाशी के दौरान, पाउच पैकिंग के लिए 3 स्वचालित मशीनें और मैनुअल पैकिंग के लिए 12 मशीनें एचएसएनएस उपकर अधिनियम, 2025 के तहत पंजीकरण प्राप्त किए बिना चालू पाई गईं। लगभग 32 करोड़ रुपये के एचएसएनएस उपकर का भुगतान न होने का पता चला है। इसके अलावा, मेसर्स हुंका ट्रेडर्स (प्रोप्राइटर-विकास गुप्ता) अवैध रूप से तंबाकू का उत्पादन कर रहे हैं। उक्त करदाता अपने उत्पादित माल को एचएसएन 0802, अन्य मेवे, ताजे या सूखे, चाहे छिलके वाले हों या नहीं (नारियल, ब्राजील नट्स और काजू को छोड़कर) और एचएसएन 2401, असंसाधित तंबाकू; तंबाकू अपशिष्ट - बिना डंठल वाला तंबाकू: फ्लू-क्योर वर्जीनिया तंबाकू के तहत घोषित कर रहे हैं और केवल 5 की दर से जीएसटी का भुगतान कर रहे हैं। हालांकि, प्राप्त जानकारी के अनुसार, करदाता सुगंधित तंबाकू के उत्पादन में भी शामिल है। परिसर में 2 स्वचालित पाउच पैकिंग मशीनें चालू पाई गईं। इन मशीनों को जब्त कर लिया गया है। केंद्रीय उत्पाद शुल्क में 3.32 करोड़ रुपये की चोरी पकड़ी गई। दोनों प्रतिष्ठानों से सभी मशीनें और स्टॉक, साथ ही आपत्तिजनक दस्तावेज और डिजिटल उपकरण जब्त कर लिए गए हैं। दोनों फर्मों के मालिक सगे भाई हैं और एक-दूसरे के पूरक उत्पाद बनाते हैं। दोनों मालिकों को गिरफ्तार कर लिया गया है। आशीष पाराशर, २१ मार्च, २०२६