23-Mar-2026


इन्दौर (ईएमएस) एकता की भावना के साथ हर्षोल्लास से स्थानीय बहाई सदन में बहाई आध्यात्मिक सभा द्वारा एक रंगारंग कार्यक्रम आयोजित कर बहाई नववर्ष नव-रोज उत्सव मनाया गया। इस अवसर पर समुदाय के सदस्य, परिवारजन एवं मित्रगण बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। कार्यक्रम की शुरुआत एक भावपूर्ण प्रार्थना सभा से हुई, जिसमें विभिन्न भाषाओं में प्रार्थनाएँ प्रस्तुत की गई। इन प्रार्थनाओं के माध्यम से ईश्वर के प्रति कृतज्ञता व्यक्त की गई और वातावरण को आध्यात्मिक एवं शांतिमय बनाया गया। इसके पश्चात एक रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें विविध नृत्य, नाटक (स्किट) और गीत प्रस्तुत किए गए। इन प्रस्तुतियों के माध्यम से मानवता की एकता, प्रेम और सामंजस्य का संदेश अत्यंत प्रभावशाली ढंग से दिया गया। बहाई आध्यात्मिक सभा सदस्यों के अनुसार नव-रोज, जिसका अर्थ है नया दिन, बहाई पंचांग का प्रारंभ है और यह नवजीवन, आशा तथा आध्यात्मिक नवचेतना का प्रतीक है। यह दिन बहाई समुदाय के उन्नीस दिवसीय उपवास के समापन का भी प्रतीक है, जिसके दौरान बहाईजन सूर्योदय से सूर्यास्त तक उपवास रखते हुए प्रार्थना, मनन और आत्मिक उन्नति पर ध्यान केंद्रित करते हैं। आनंद पुरोहित/ 23 मार्च 2026