नई दिल्ली (ईएमएस)। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी टांसजेंडर समुदाय के लोगों से मिले। इस दौरान उन्होंने केंद्र सरकार के ट्रांसजेंडर व्यक्ति (अधिकारों का संरक्षण) संशोधन विधेयक, 2026 की तीखी आलोचना की और इसे समुदाय के संवैधानिक अधिकारों और पहचान पर खुला हमला बताया। राहुल गांधी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, भाजपा सरकार का यह प्रतिगामी विधेयक ट्रांसजेंडर लोगों से अपनी पहचान स्वयं तय करने का अधिकार छीन लेता है, जो सुप्रीम कोर्ट के 2014 के एनएएलएसए फैसले का सीधा उल्लंघन है। यह पूरे भारत में विभिन्न समुदायों की विविध सांस्कृतिक पहचान को मिटा देने वाला कदम है। विधेयक ट्रांसजेंडर व्यक्तियों को मेडिकल बोर्ड के सामने अमानवीय जांच से गुजरने के लिए मजबूर करता है और बिना किसी सुरक्षा उपाय के आपराधिक दंड व निगरानी की व्यवस्था लागू करता है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार ने ट्रांसजेंडर समुदाय से कोई परामर्श नहीं किया और ऐसा विधेयक लाई है जो उन्हें सुरक्षा देने के बजाय कलंकित करता है। राहुल गांधी ने कहा, संविधान हर भारतीय के जीवन, स्वतंत्रता, पहचान और गरिमा के अधिकार की रक्षा करता है। लेकिन भाजपा सरकार अपने संकीर्ण विचारों को पूरा करने के लिए संविधान का उल्लंघन कर रही है और ट्रांसजेंडर समुदायों का सम्मान करने वाले भारत के समृद्ध इतिहास को नष्ट कर रही है। कांग्रेस पार्टी इस विधेयक का स्पष्ट रूप से विरोध करती है। सुबोध/२४-०३-२०२६