रांची (ईएमएस)। झारखंड के धनबाद में चार दिवसीय चैती छठ महापर्व का समापन बुधवार की सुबह उगते सूर्य को अर्घ्य देने के साथ हुआ। शहर के मनईटांड़ छठ तालाब, विकास नगर छठ तालाब, राजेंद्र सरोवर, लोको टैंक पंपू तालाब सहित कई छठ घाटों पर श्रद्धालुओं ने सूर्य देव को अर्घ्य दिया। छठ व्रतियों ने घरों और छतों पर शायर बनाकर भी पूजा-अर्चना की। इस दौरान व्रतियों और श्रद्धालुओं में उत्साह का माहौल देखने को मिला। उगते सूरज को अर्घ्य देने के लिए तड़के साढ़े चार बजे से ही लोग मनईटांड़ छठ तालाब पर इकट्ठा होने लगे। श्रद्धालु पानी में खड़े होकर दूध और जल अर्पित कर अपनी मनोकामनाओं की पूर्ति के लिए भगवान भास्कर से प्रार्थना करते रहे। छठ महापर्व में पवित्रता का विशेष महत्व होने के कारण लोग छठ घाट जाने से पहले अपने घरों और आसपास की सड़कों-गलियों की साफ-सफाई कर पानी का छिड़काव करते हैं। कई लोग रास्तों को आकर्षक बनाने के लिए रंगोली भी बनाते हैं। व्रतियों के परिजन ढोल-ढाक और छठ गीतों के साथ छठ घाट पहुंचे। अर्घ्य देने के बाद सभी व्रती और श्रद्धालु अपने घर लौट आए और वहां पूजा-पाठ के बाद प्रसाद का वितरण किया गया। इस तरह चार दिवसीय लोक आस्था के इस महापर्व का भव्य और श्रद्धापूर्ण समापन हुआ, जिसमें समाज के सभी वर्गों ने मिलकर भगवान सूर्य की पूजा कर अपनी श्रद्धा और परंपरा का परिचय दिया। आशीष दुबे / 25 मार्च 2026