व्यापार
21-Apr-2026


- 70,000 सालाना निवेश, मैच्योरिटी पर मिलेगा लगभग 18.98 लाख का बड़ा फंड नई दिल्ली (ईएमएस)। वित्तीय सुरक्षा और बेहतर भविष्य के लिए निवेश करना हर व्यक्ति की प्राथमिकता होती है। ऐसे में पब्लिक प्रोविडेंट फंड (पीपीएफ) एक ऐसी सरकारी योजना है जो न केवल आपके पैसे को सुरक्षित रखती है, बल्कि लंबी अवधि में इसे कई गुना बढ़ाने का शानदार अवसर भी प्रदान करती है। साथ ही, यह टैक्स बचाने का भी एक प्रभावी माध्यम है, जिससे निवेशक दोहरे लाभ प्राप्त कर सकते हैं। पीपीएफ भारत सरकार द्वारा समर्थित एक लॉन्ग टर्म सेविंग स्कीम है, जिसमें जोखिम लगभग न के बराबर होता है। यह योजना उन लोगों के लिए बेहतरीन विकल्प है जो अपनी पूंजी को सुरक्षित रखते हुए एक अच्छा फंड तैयार करना चाहते हैं। इसमें आप सालाना न्यूनतम 500 से लेकर अधिकतम 1.5 लाख रुपए तक का निवेश कर सकते हैं, जिसे एकमुश्त या छोटे-छोटे मासिक/वार्षिक किस्तों में जमा किया जा सकता है। वर्तमान में इस योजना पर लगभग 7.1 फीसदी वार्षिक ब्याज दर मिल रही है, हालांकि यह दर सरकार द्वारा समय-समय पर संशोधित की जाती है। इस योजना की मैच्योरिटी अवधि 15 साल होती है। अगर कोई निवेशक हर साल लगातार 70,000 रुपए जमा करता है, तो 15 साल में उसका कुल निवेश 10.5 लाख रुपए होगा। 7.1 फीसदी की वर्तमान अनुमानित ब्याज दर के हिसाब से, उसे लगभग 8,48,498 रुपए का ब्याज मिलेगा। इस प्रकार, मैच्योरिटी पर कुल राशि लगभग 18,98,498 रुपए होगी, जो आपके मूल निवेश का दोगुने से भी ज़्यादा है। पीपीएफ को टैक्स सेविंग के लिए भी एक बेहतरीन विकल्प माना जाता है। इसमें इनकम टैक्स एक्ट की धारा 80 सी के तहत निवेश पर टैक्स छूट मिलती है। इसके अलावा, इस योजना में मिलने वाला ब्याज और मैच्योरिटी अमाउंट, दोनों ही पूरी तरह से टैक्स फ्री होते हैं। आप अपना पीपीएफ अकाउंट किसी भी बैंक या पोस्ट ऑफिस में आसानी से खोल सकते हैं। हालांकि, यह ध्यान रखना महत्वपूर्ण है कि एक व्यक्ति के नाम पर केवल एक ही पीपीएफ अकाउंट खोला जा सकता है। अन्य सुविधाओं में 3 से 6 साल के बीच लोन लेने की सुविधा, 7वें साल के बाद आंशिक निकासी का विकल्प और मैच्योरिटी के बाद इसे 5-5 साल के ब्लॉक में आगे बढ़ाने का प्रावधान शामिल है। निवेश करते समय इस बात का ध्यान रखें कि महीने की 5 तारीख से पहले पैसा जमा करने पर आप पूरे महीने का ब्याज पा सकते हैं। सतीश मोरे/21अप्रैल ---