खरगोन,(ईएमएस)। खरगोन में दिनदहाड़े कार से चोरी हुए 23.30 लाख रुपये पुलिस ने बरामद कर लिए हैं। हालांकि वारदात को अंजाम देने वाले गिरोह के दो आरोपी पुलिस की घेराबंदी से पहले ही राजगढ़ जिले के जंगलों में फरार हो गए। पुलिस ने मामले में कड़िया सांसी गिरोह के सदस्यों को नामजद किया है। पुलिस अधीक्षक रवींद्र वर्मा के अनुसार, घटना के बाद व्यापक स्तर पर जांच शुरू की गई। सीसीटीवी फुटेज में दो संदिग्धों को फरियादी का पीछा करते और बैंक में रेकी करते देखा गया। आरोपियों के भागने का रूट बावड़ी बस स्टैंड, मेनगांव, कसरावद, खलघाट, मानपुर, राऊ, इंदौर बाइपास, तेजाजीनगर रोड, मांगलिया टोल, देवास टोल, मैक्सी, शाजापुर, सारंगपुर, उदनखेड़ी होते हुए राजगढ़ के पचोर तक ट्रेस किया गया। एसडीओपी रोहित लखारे के नेतृत्व में पांच थानों और चौकियों की विशेष टीम गठित की गई। टीम ने सीसीटीवी कंट्रोल रूम और साइबर सेल की मदद से खरगोन, धार, इंदौर, देवास, शाजापुर और राजगढ़ जिलों में करीब 250 किलोमीटर के दायरे में लगे 700 से अधिक कैमरों की फुटेज खंगाली। जांच में कड़िया सांसी गिरोह की संलिप्तता सामने आई। पुलिस को सूचना मिली कि आरोपी गुलखेड़ी और पचोर के बीच जंगल में चोरी की रकम का बंटवारा करने वाले हैं। टीम मौके पर पहुंची, लेकिन आरोपी जंगल का फायदा उठाकर फरार हो गए। हालांकि घटनास्थल से पूरी चोरी की रकम और अनाज कारोबारी की चार बैंक चेक बुक बरामद कर ली गई। यह घटना 21 अप्रैल को हुई थी, जब अनाज व्यापारी दिनेश जायसवाल के मुनीम ताहिर ने शिकायत दर्ज कराई। उन्होंने बैंक ऑफ बड़ौदा से 27 लाख रुपये निकाले थे, जिनमें से 2.70 लाख रुपये भुगतान करने के बाद बाकी नकदी कार में रखी थी। दाता हनुमान मंदिर क्षेत्र में गाड़ी अनलॉक छोड़ने के दौरान यह चोरी हुई। व्यापारी संघ ने किया पुलिस का सम्मान मामले के खुलासे पर व्यापारी संगठनों ने पुलिस की सराहना की है। खरगोन व्यापारी एसोसिएशन ने टीम का सम्मान करते हुए पुलिस फंड में 51 हजार रुपये देने की घोषणा की है। पुलिस फरार आरोपियों की तलाश में लगातार दबिश दे रही है। हिदायत/ईएमएस 27अप्रैल26