राज्य
29-Apr-2026
...


- बिहार में सत्ता संपोषित गुंडो का है राज- शक्ति सिंह यादव पटना, (ईएमएस)। सुबह से ही जिस तरह से चर्चा की जा रही है उससे ही स्पष्ट होता है की सत्तारूढ़ दल अपराध और आपराधिक मामलों को दूसरी दिशा में भटकाना चाहती है और अपने पाप को सरकार में बैठे हुए लोग ढकना चाहते है। अपराध और अपराधी का कोई जात नहीं होता है। बिहार में जाति में विभेद पैदा करके जहर फैलाने का काम 20 वर्षो में नितीश कुमार ने किया। बिहार को अपराध मुक्त बनाने में राष्ट्रीय जनता दल की हमेशा भूमिका रही है और सरकार अगर निष्पक्षता से कम करें तो हम लोग पूरी तरह से साथ खड़े हैं। यह बात बिहार प्रदेश राष्ट्रीय जनता दल के पटना स्थित राज्य कार्यालय के कर्पूरी सभागार में बिहार प्रदेश राष्ट्रीय जनता दल के मुख्य प्रवक्ता शक्ति सिंह यादव ने प्रदेश प्रवक्ता एजाज अहमद, अरुण कुमार यादव, प्रमोद कुमार सिन्हा, पंचायती राज प्रकोष्ठ के प्रदेश अध्यक्ष, महेंद्र प्रसाद विद्यार्थी एवं अति पिछड़ा प्रकोष्ठ के प्रदेश प्रवक्ता उपेंद्र चंद्रवंशी के साथ अपने संयुक्त रूप से संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए कही। शक्ति सिंह यादव ने आगे कहा कि बिहार में सत्ता संरक्षित अपराधियों को बढ़ावा दिया जा रहा है। वर्ष 2023 में वर्चस्व की लड़ाई में रामाधीन यादव और राजकुमार के बीच लड़ाई हुई थी और उसमें रामधीन यादव को गोली लगी थी। भागलपुर के सुल्तानगंज में जो घटना हुई है ये भाजपा और जदयू के नेताओं के बीच वर्चस्व की लड़ाई है। इन्होंने आगे कहा कि अपराधियों को सत्ता का किस तरह से संरक्षण मिला हुआ है यह फोटो देखकर ही समझा जा सकता है। इन्होंने बताया कि अपराधियों में भय नहीं है क्योंकि सरकार में बैठे हुए बड़े लोग अपराधियों से गुलदस्ता लेने में व्यस्त हैं। फोटो दिखाते हुए इन्होंने पूछा कि सत्तारूढ़ दल के नेता जवाब दें कि किस तरह से भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन, बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चैधरी, केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान, खगड़िया के सांसद राजेश वर्मा, जनता दल यू के स्थानीय निकाय के एमएलसी विजय कुमार सिंह के साथ किस तरह से उनका नजदीकी है यह स्पष्ट रूप से दिख रहा है। वर्ष 2020 के विधानसभा चुनाव में रामधीन यादव की पत्नी नीलम देवी लोजपा से चुनाव लड़ चुकी है। नीलम देवी के सुपुत्र सनी यादव जनता दल यू के एमएलसी विजय सिंह के विधान पार्षद प्रतिनिधि हैं। बिहार में हर व्यक्ति डरा सहमा है। सुल्तानगंज की घटना एनडीए के अंदर वर्चस्व की लड़ाई का नतीजा है। जहां भारतीय जनता पार्टी और जनता दल यू के नेता अपने.अपने वर्चस्व के लिए इस तरह की राजनीति को बढ़ावा दे रहे हैं। उन्होंने आगे कहा कि बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट है ये लोग जानने लगे हैं पर अपराधी सम्राट हो जाये, भ्रष्टाचारी सम्राट हो जाये तो ये स्वीकार नहीं। मुख्यमंत्री सम्राट चैधरी बताये की बिहार में सम्राट कौन रहेगा। इन्होंने कहा कि भाजपा और जदयू के नेता अपराधियों को महिमामंडित करते रहे हैं और सत्ता के संरक्षण में चाहे गोपालगंज हो आरा हो या मोकामा का क्षेत्र हो किस तरह से एके 47 और एके 56 वालों को बचाया जा रहा है। यह सभी को पता है किस तरह से एके 47 और एके 56 वालों को बचाने का कार्य किया जाता है यह तो स्पष्ट रूप से बिहार की जनता भी जानती है की सरकार की कार्यशैली किस तरह की है। मेरा सीधा चुनौती है कि शासन के सीने में दम है तो एके 47 लहराने वाले को काउन्टर करके दिखाये। एके 47 वाले अपराधियों को दादा कहते हैं, साहस नहीं है काउन्टर करने का। - २९ अप्रैल/२०२६/ईएमएस