कॉग्रेसं विधायक ने की सबा पटौदी और सिकंदर हफीज के खिलाफ एफआईआर की मांग - जिम्मेदारों पर लगाए हज यात्रियों से धोखाधड़ी के आरोप - मक्का मदीना जाने वालों को नहीं मिल रही ठहरने की व्यवस्था भोपाल(ईएमएस)। मक्का-मदीना रुबात मामला लगातार तूल पकड़ता जा रहा है। इसे लेकर अब भोपाल से कांग्रेस विधायक आरिफ मसूद ने कड़ा रुख अपनाते हुए वफ्फ बोर्ड कार्यालय पहुंचकर बोर्ड के अध्यक्ष डॉ. सनवर पटेल से मिलने पहुचें। उन्होंने सबा अली खान पटौदी और सिकंदर हाफिज के खिलाफ एफआईआर दर्ज करवाने की मांग को लेकर पत्र भी सौपां। उन्होंने कहा कि, इन दोनों ने हाजियों के साथ धोखाधड़ी कि है। वहीं वफ्फ बोर्ड अध्यक्ष का कहना है की कि, हमने विधायक की शिकायत को गंभीरता के साथ सुना है, और उनसे पूरे दस्तावेज एफिडेविट के साथ पेश करने को कहा है। - मसूद ने सबा अली और सिकंदर पर लगाए आरोप मक्का और मदीना स्थित रूबात (हाजियों के ठहरने की व्यवस्था) को लेकर आरिफ मसूद ने सबा अली खान पटौदी और सिकंदर हाफिज पर हाजियों के साथ धोखाधड़ी करने का आरोप लगाया गया है। विधायक ने कहा कि, पिछले कई सालो से रुबात के मुद्दे को लेकर लगातार बैठकें आयोजित की जाती रही हैं। बैठकों में सिकंदर हाफिज द्वारा कमेटी बनाकर जल्द ही रुबात शुरू कराने का आश्वासन दिया गया था। हालांकि, आज तक इस दिशा में कोई ठोस कार्यवाही नहीं हो सकी है। हर साल भोपाल के हाजी मक्का-मदीना में रुबात मिलने की उम्मीद में रहते हैं, लेकिन उन्हें यह सुविधा नहीं मिल पाती, जिससे उन्हें भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। जो गंभीर चिंता का विषय है, इस संबध में राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग के संज्ञान के बाद भी स्थिति में सुधार नहीं हुआ है। उन्होनें सबा अली खान पटौदी और सिकंदर हाफिज पर हाजियों के साथ धोखाधड़ी करने का आरोप लगाते हुए उनके खिलाफ तत्काल एफआईआर दर्ज कराये जाने की मांग की है। - पेश करने पर दस्तावेजो की जॉच के बाद की जायेगी आगे की कार्यवाही वफ्फ बोर्ड के अध्यक्ष डॉ. सनवर पटेल ने कहा कि, विधायक आरिफ मसूद ने जो शिकायत की है उसको गंभीरता के साथ सुना गया है। उनसे कहा गया है, कि वह सारे दस्तावेज पेश कर दें, वफ्फ बोर्ड इसकी जांच करवा लेगा. यदि एफआईआर की जरुरत पड़ी तो तत्काल थाने में कार्रवाई भी करवाई जाएगी। - कई सालो से चल रहा है विवाद गौरतलब है की मक्का मदीना में रुबात का मामला पिछले 6 साल से चल रहा है। लेकिन अभी तक भोपाल, सीहोर, रायसेन से जाने वाले हज यात्रियों को रुबात नहीं मिल पा रही हैं। अब देखना यह होगा कि वक्फ बोर्ड इस गंभीर आरोपों पर क्या कदम उठाता है। जुनेद / 29 अप्रैल