- साप्ताहिक आधार पर सेंसेक्स में लगभग 0.50 फीसदी और निफ्टी में 0.39 फीसदी की गिरावट रही मुंबई (ईएमएस)। मजदूर दिवस के अवकाश के कारण यह सप्ताह छोटा रहा, पर भारतीय शेयर बाजार में निवेशकों को भावनाओं के रोलरकोस्टर का अनुभव हुआ। लगातार तीन सत्रों की गिरावट के बाद सोमवार को बाजार में आशा लौटी पर मंगलवार और खासकर गुरुवार को वैश्विक भू-राजनीतिक तनाव, कच्चे तेल की कीमतों में वृद्धि और विदेशी फंडों की निकासी से बाजार फिर दबाव में आ गया। इस अस्थिर सप्ताह में सेंसेक्स और निफ्टी में तीव्र उतार-चढ़ाव रहा। सप्ताह का पहला दिन भारतीय बाजार के लिए राहत भरा रहा। पिछली गिरावट के बाद सोमवार को बाजार जोरदार हरे निशान पर खुले। वैश्विक सकारात्मक संकेतों और प्रमुख शेयरों में खरीदारी से दिनभर तेजी रही। सेंसेक्स 639 अंक बढ़कर 77,303 पर, और निफ्टी 194 अंक चढ़कर 24,092 पर बंद हुए, जिससे निवेशकों को बड़ी राहत मिली। मंगलवार को बाजार की गति धीमी रही। सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों के शेयरों में गिरावट से नरमी आई। शुरुआती कारोबार में सेंसेक्स 208 अंक गिरा, निफ्टी भी 42 अंक लुढ़का। रुपया भी डॉलर के मुकाबले 24 पैसे कमजोर हुआ। दिन के मध्य में सुधार का प्रयास टिकाऊ नहीं रहा। अंततः, सेंसेक्स 416 अंक गिरकर 76,886 पर, और निफ्टी 97 अंक गिरकर 23,995 पर बंद हुए, जिससे यह 24 हजार के स्तर से नीचे चला गया। बुधवार को बाजार ने शानदार वापसी की। ईरान-अमेरिका तनाव कम होने की उम्मीद और सकारात्मक वैश्विक संकेतों के दम पर भारतीय शेयर बाजार में तेजी लौटी। मजबूत खरीदारी से सेंसेक्स 77,400 और निफ्टी 24,100 के पार निकल गए। अंत तक सेंसेक्स 609 अंक उछलकर 77,496 पर, जबकि निफ्टी 24,177 पर पहुंचा। सप्ताह का अंत फिर नकारात्मक रहा। गुरुवार को भारतीय शेयर बाजार में भारी गिरावट दर्ज की गई। कच्चे तेल की कीमतों में तेज उछाल, कमजोर वैश्विक रुझानों और विदेशी निधियों की लगातार निकासी के बीच प्रमुख सूचकांकों में तेज गिरावट आई। शुरुआती कारोबार में ही सेंसेक्स 959 अंकों तक टूटा और 76,537 पर पहुंचा, जबकि निफ्टी 285 अंक कमजोर होकर 23,892 पर आ गया। वैश्विक दबाव और पश्चिम एशिया में गहराते भू-राजनीतिक तनाव का सीधा असर पड़ा। अंततः, सेंसेक्स 582 अंक गिरकर 76,913 पर बंद हुआ, और निफ्टी 180 अंक गिरकर 23,997 पर आ गया, एक बार फिर 24 हजार के स्तर से नीचे। कुल मिलाकर यह सप्ताह भारतीय शेयर बाजार के लिए तीव्र अस्थिरता और वैश्विक घटनाओं पर बढ़ती निर्भरता का परिचायक रहा। सप्ताह का अंत सेंसेक्स और निफ्टी दोनों के लिए मामूली गिरावट के साथ हुआ, जो वैश्विक अनिश्चितताओं के बीच बाजार में सावधानी भरे रुख को दर्शाता है। आने वाले समय में निवेशकों की नजर पश्चिम एशिया की स्थिति, कच्चे तेल की कीमतों और वैश्विक आर्थिक संकेतों पर बनी रहेंगी। सतीश मोरे/02मई ---