- तीन अन्य की तलाश जारी इन्दौर (ईएमएस) वर्ष 2017 से 2022 के बीच स्कूली शिक्षा विभाग में हुए लगभग ढाई करोड़ के घोटाले में थाना एमजी रोड पुलिस ने जांच के बाद कल बीईओ ऑफिस में पदस्थ चपरासी सिद्धार्थ जोशी को गिरफ्तार कर लिया था। करोड़ों के इस घोटाले का मुख्य आरोपी सिद्धार्थ जोशी ही है जिसने अन्य कर्मचारियों के साथ मिलकर शासकीय मद का पैसा परिवार के सदस्यों, रिश्तेदारों के खातों में ट्रांसफर कर करोड़ों का गबन किया था।मामले में दर्ज एफआईआर में पांच कर्मचारियों जिनमें शामिल हैं शासकीय उ.मा. विद्यालय खजराना में पदस्थ भृत्य आरोपी सिद्धार्थ जोशी, मोहन दांगी (अतिथि शिक्षक शासकीय क.उ.मा.वि. कम्पेल), पवन खामोद (भृत्य शासकीय क.उ.मा.वि. कम्पेल), छोटेलाल गौड़ (सहायक ग्रेड-2, शासकीय क.उ.मा.वि. संयोगितागंज), केदार नारायण दीक्षित (अतिथि शिक्षक शासकीय क.उ.मा.वि. संयोगितागंज)। पुलिस ने कल इस घोटाले के मास्टरमाइंड चपरासी सिद्धार्थ जोशी को गिरफ्तार कर रिमांड पर लिया था और फिलहाल उससे पूछताछ की जा रही है। इसी बीच मामले में कार्रवाई करते पुलिस ने इस घोटाले के एक और आरोपी पवन खामोद जो कि शासकीय क.उ.मा.वि. कम्पेल में भृत्य के पद पर पदस्थ हैं उसे भी गिरफ्तार कर लिया है। वहीं मामले के अन्य तीन आरोपी अतिथि शिक्षक मोहन दांगी, सहायक ग्रेड-2 कर्मचारी छोटेलाल गौड़ और अतिथि शिक्षक केदारनारायण दीक्षित की तलाश जारी है। आनंद पुरोहित/ 08 मई 2026