:: बिलावली और पिपलियापाला फीडर चैनलों का गहरीकरण जारी, 30 मई तक लक्ष्य पूरा करने में जुटा निगम :: इंदौर (ईएमएस)। आगामी मानसून से पहले शहर के जल स्रोतों को पुनर्जीवित करने के लिए नगर निगम ने जल गंगा संवर्धन अभियान के तहत मोर्चा खोल दिया है। आयुक्त क्षितिज सिंघल के निर्देशानुसार, शहर के प्रमुख तालाबों बिलावली और पिपलियापाला तक बारिश का पानी बिना किसी रुकावट के पहुंचे, इसके लिए उनसे जुड़े फीडर चैनलों (नहरों) की सफाई, चौड़ीकरण और गहरीकरण का कार्य युद्धस्तर पर किया जा रहा है। निगम का लक्ष्य है कि वर्षा ऋतु के आगमन से पहले सभी जल मार्ग बाधा मुक्त हों, ताकि जल संचय के साथ भू-जल स्तर में सुधार सुनिश्चित किया जा सके। निगम प्रशासन ने इस अभियान के लिए 6 बड़ी पोकलेन मशीनें तैनात की हैं। ये मशीनें जल चैनलों में जमा गाद निकालने, जंगली झाड़ियों को हटाने और वर्षों से जमा अवरोधों को दूर करने का काम कर रही हैं। अब तक केलोद करताल चैनल में 1200 मीटर और मोरोद माचला चैनल में 1050 मीटर क्षेत्र की सफाई की जा चुकी है। इसी प्रकार, राऊ-बिलावली मार्ग पर 1800 मीटर और पिपलियापाला चैनल में 300 मीटर का कार्य पूर्णता की ओर है। आयुक्त ने स्पष्ट किया है कि 30 मई से पहले सभी चैनलों की सफाई और गहरीकरण का कार्य गुणवत्ता के साथ पूर्ण कर लिया जाए। निरीक्षण के दौरान उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जहाँ कहीं भी चैनल संकरे हो गए हैं, उन्हें चौड़ा किया जाए ताकि तेज बारिश के दौरान पानी ओवरफ्लो न हो और सीधा तालाबों तक पहुंचे। इस पहल से न केवल तालाब लबालब होंगे, बल्कि आसपास के क्षेत्रों के कुओं और बोरिंग के जल स्तर में भी बड़ी वृद्धि होने की उम्मीद है। प्रकाश/08 मई 2026