भारत की नई मिसाइल से बढ़ेगी रणनीतिक ताकत नई दिल्ली,(ईएमएस)। भारत अपनी स्वदेशी बैलिस्टिक मिसाइल श्रृंखला अग्नि के सबसे उन्नत और घातक संस्करण अग्नि-6 के परीक्षण की तैयारी में लगा हुआ है, इस रक्षा क्षेत्र में देश की रणनीतिक क्षमता के लिए एक निर्णायक कदम बताया जा रहा है। रिपोर्ट्स के अनुसार, यह इंटरकॉन्टिनेंटल बैलिस्टिक मिसाइल (आईसीबीएम) श्रेणी की होगी, जिसकी मारक क्षमता 10 हजार किलोमीटर से अधिक होने का अनुमान लगाया गया है। संस्कृत शब्द अग्नि से प्रेरित यह मिसाइल प्रणाली भविष्य की सुरक्षा चुनौतियों को ध्यान में रखकर तैयार किया जा रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि अग्नि-6 भारत की रक्षा नीति और वैश्विक रणनीतिक स्थिति को बेहतर करती है। हालांकि, इसके परीक्षण की कोई आधिकारिक तारीख अभी घोषित नहीं हुई है, लेकिन बंगाल की खाड़ी के ऊपर नोटिस टू एयर मिशन (नोटम) जारी होने के बाद इसके आसन्न परीक्षण की अटकलें तेज हो गई हैं। वर्तमान में, अमेरिका, रूस, चीन, फ्रांस और ब्रिटेन जैसे गिने-चुने देशों के पास ही लंबी दूरी की उन्नत आईसीबीएम क्षमताएं मौजूद हैं। अग्नि-6 के सफल विकास के बाद भारत भी इस समूह में अपनी स्थिति को और मजबूत कर लेगा। इस मिसाइल की सबसे महत्वपूर्ण विशेषता इसकी एमआईआरवी (मल्टीपल इंडिपेंडेंटली टारगेटेबल री-एंट्री व्हीकल) तकनीक है। यह तकनीक एक ही मिसाइल को कई परमाणु हथियार ले जाने और उन्हें अलग-अलग लक्ष्यों पर एक साथ दागने में सक्षम बनाती है। रक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि यह क्षमता किसी भी देश की सामरिक शक्ति को कई गुना बढ़ा देती है। अब तक, केवल अमेरिका, रूस और चीन जैसी महाशक्तियों के पास ही इस स्तर की उन्नत एमआईआरवी तकनीक रही है। अग्नि-6 के साथ, भारत भी अत्याधुनिक मिसाइल तकनीक वाले देशों की श्रेणी में शामिल हो जाएगा। रिपोर्टों के मुताबिक, अग्नि-6 को भविष्य की युद्ध रणनीतियों के अनुरूप डिज़ाइन किया जा रहा है। इसकी लंबी दूरी भारत को केवल क्षेत्रीय नहीं, बल्कि वैश्विक स्तर पर भी रणनीतिक पहुंच और प्रभाव प्रदान करेगी। यही वजह है कि अंतरराष्ट्रीय रक्षा विश्लेषक इस परियोजना पर पैनी नज़र बनाए हुए हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि यह मिसाइल केवल एक रक्षा उपकरण नहीं, बल्कि भारत की बढ़ती तकनीकी आत्मनिर्भरता और उन्नत रक्षा अनुसंधान क्षमता का प्रत्यक्ष प्रमाण भी है। स्वदेशी गाइडेड मिसाइल तकनीक और सुदूर मारक क्षमता देश की रक्षा तैयारियों को अभूतपूर्व मजबूती प्रदान करेगी। आशीष/ईएमएस 09 मई 2026