मास्को,(ईएमएस)। रूस ने शनिवार को अपना वार्षिक विक्ट्री डे (विजय दिवस) बड़े पैमाने पर मॉस्को के रेड स्क्वायर पर सैन्य परेड के साथ मनाया, इसमें राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने यूक्रेन युद्ध को न्यायसंगत बताया और पश्चिमी सैन्य गठबंधन नाटो पर जमकर निशाना साधा। पुतिन ने भव्य समारोह में रूसी सैन्यकर्मियों को संबोधित कर कहा कि वह यूक्रेन के खिलाफ न्यायसंगत युद्ध लड़ रहे हैं, जिसे उन्होंने एक आक्रामक ताकत बताया। उन्होंने दावा किया कि यूक्रेन को नाटो के पूरे गुट से लगातार हथियार और समर्थन मिल रहा है। पुतिन ने अपने भाषण की शुरुआत दूसरे विश्व युद्ध के दौरान सोवियत संघ के सैनिकों के बलिदानों को याद करके की। उन्होंने नाजी जर्मनी पर सोवियत संघ की ऐतिहासिक जीत का जिक्र कर कहा कि जीतने वाली पीढ़ी का महान पराक्रम आज के विशेष सैन्य अभियान के लक्ष्यों को पूरा कर रहे सैनिकों को प्रेरित करता है। उनका यह बयान रूस के सबसे बड़े समारोहों में से एक में आया है, जो देश के लिए गहरा भावनात्मक और ऐतिहासिक महत्व रखता है। हालांकि, इस साल की परेड कई मायनों में अलग रही, जहां बीते कई वर्षों में पहली बार मॉस्को के रेड स्क्वायर पर बख्तरबंद वाहन या बैलिस्टिक मिसाइलें प्रदर्शित नहीं की गईं, जिससे हथियारों के प्रदर्शन में कमी साफ दिखी। पुतिन ने अपने भाषण में लोगों और सैनिकों के जोश और बलिदान की सराहना कर कहा कि देश का भविष्य उसके लोग ही बनाते हैं, चाहे सैन्य रणनीति कितनी भी बदल जाए, और वे नाटो के पूरे गुट की ओर से सशस्त्र और समर्थित आक्रामक बल का सामना कर रहे हैं, फिर भी उनके नायक आगे बढ़ रहे हैं। इस महत्वपूर्ण दिवस से ठीक पहले, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रूस और यूक्रेन के बीच 9 से 11 मई तक तीन दिवसीय संघर्ष विराम की घोषणा की थी, जिसमें सभी सैन्य गतिविधियों पर रोक और दोनों देशों के 1000-1000कैदियों की अदला-बदली भी शामिल है। परेड में पुतिन के साथ बेलारूसी नेता अलेक्जेंडर लुकाशेंको, लाओस के राष्ट्रपति थोंग्लौन सिसोउलिथ और मलेशिया के राजा सुल्तान इब्राहिम सहित कई विदेशी गणमान्य व्यक्ति भी उपस्थित थे। पुतिन के भाषण के तुरंत बाद सैन्य ब्रास बैंड ने संगीत बजाया और तोपों से लगातार गोले दागे गए। आशीष दुबे / 09 मई 2026