सूरजपुर (ईएमएस)। झीरम घाटी हमले की 13वीं बरसी पर छत्तीसगढ़ की राजनीति एक बार फिर गर्म हो गई है। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष दीपक बैज ने भाजपा सरकार पर हमला बोलते हुए झीरम मामले की जांच को लेकर गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि मामले की निष्पक्ष जांच नहीं हो रही है और पीड़ित परिवार आज भी न्याय की प्रतीक्षा कर रहे हैं। सूरजपुर में मीडिया से बातचीत के दौरान बैज ने कहा कि अब कई बड़े नक्सली नेताओं के आत्मसमर्पण करने की बातें सामने आई हैं, ऐसे में सरकार को उनसे पूछताछ कर मामले की सच्चाई सामने लानी चाहिए। उन्होंने कहा कि यदि जांच एजेंसियां प्रभावी तरीके से पूछताछ करें, तो यह स्पष्ट हो सकता है कि इस हमले के पीछे कौन लोग जिम्मेदार थे। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने यह भी कहा कि झीरम हमले में जान गंवाने वाले नेताओं और कार्यकर्ताओं के परिवारों को आज भी न्याय का इंतजार है। उन्होंने आरोप लगाया कि जांच प्रक्रिया को प्रभावित किया जा रहा है और पूरे मामले में कई सवाल अब भी अनुत्तरित हैं। गौरतलब है कि झीरम वैली अटैक को देश के सबसे बड़े नक्सली हमलों में गिना जाता है। 25 मई 2013 को कांग्रेस की परिवर्तन यात्रा के दौरान बस्तर के दरभा स्थित झीरम घाटी में नक्सलियों ने काफिले पर हमला कर दिया था। इस हमले में कांग्रेस नेताओं, सुरक्षा कर्मियों सहित कुल 33 लोगों की मौत हुई थी। बताया जाता है कि हमले को अंजाम देने के लिए बड़ी संख्या में नक्सलियों को अलग-अलग इलाकों से जुटाया गया था। इस घटना ने पूरे देश को झकझोर दिया था और वर्षों बाद भी यह मामला राजनीतिक और कानूनी बहस का विषय बना हुआ है। - (ईएमएस) 25 मई 2026