नई दिल्ली (ईएमएस)। अमेरिका में अवैध रूप से रह रहे भारतीय नागरिकों के खिलाफ जारी कार्रवाई के बीच विदेश मंत्रालय ने बताया है कि वर्ष 2026 में अब तक 1076 भारतीय नागरिकों को अमेरिका से भारत वापस भेजा गया है। सरकार ने स्पष्ट किया कि इन लोगों की पहचान अमेरिकी अधिकारियों द्वारा अवैध प्रवासी के रूप में की गई थी, जिसके बाद उन्हें निर्वासित किया गया। संसद में दी गई जानकारी के अनुसार, निर्वासित किए गए भारतीयों में बड़ी संख्या उन लोगों की है जो विभिन्न माध्यमों से अमेरिका पहुंचे थे, लेकिन उनके पास वैध आव्रजन दस्तावेज नहीं थे या उन्होंने वीजा नियमों का उल्लंघन किया था। विदेश मंत्रालय ने कहा कि भारत सरकार प्रत्येक मामले में संबंधित व्यक्ति की राष्ट्रीयता की पुष्टि करने के बाद ही उन्हें स्वीकार करती है। सरकार ने यह भी बताया कि अधिकांश भारतीय नागरिकों को व्यावसायिक उड़ानों के जरिए भारत भेजा गया, जबकि कुछ मामलों में विशेष या चार्टर्ड उड़ानों का भी इस्तेमाल किया गया। भारत लगातार अमेरिकी प्रशासन के संपर्क में है ताकि निर्वासन की प्रक्रिया के दौरान भारतीय नागरिकों के साथ मानवीय व्यवहार सुनिश्चित किया जा सके। विदेश मंत्रालय के अनुसार, अवैध प्रवासन और मानव तस्करी से जुड़े नेटवर्क पर कार्रवाई के लिए केंद्र और राज्य सरकारें मिलकर काम कर रही हैं। सरकार ने युवाओं से विदेश जाने के लिए केवल वैध और कानूनी माध्यमों का ही उपयोग करने की अपील की है। विशेषज्ञों का मानना है कि अमेरिका की सख्त आव्रजन नीति के कारण आने वाले समय में ऐसे मामलों में और बढ़ोतरी हो सकती है। इसी वजह से भारत सरकार भी अवैध प्रवासन रोकने और लोगों को जागरूक करने पर जोर दे रही है। सुबोध/०५-०६-२०२६