- 7 मरीजों की मौत के बाद प्रसाद हॉस्पिटल सील, लाइसेंस भी रद्द मुजफ्फरपुर, (ईएमएस)। तीन दिन पूर्व मुजफ्फरपुर में ब्रह्मपुरा स्थित निजी प्रसाद हॉस्पिटल में हुए भीषण अग्निकांड में 7 मरीजों की मौत के बाद जिला प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए शनिवार को अस्पताल को सील कर दिया। इससे पहले शुक्रवार को सिविल सर्जन ने अस्पताल का लाइसेंस तत्काल प्रभाव से रद्द कर दिया था। हादसे के बाद प्रशासन पूरी तरह एक्शन मोड में नजर आ रहा है। नगर निगम की प्रशासनिक और तकनीकी टीम अस्पताल पहुंचकर भवन की जांच कर रही है। टीम बिल्डिंग बायलॉज, अग्नि सुरक्षा व्यवस्था और अन्य सुरक्षा मानकों की पड़ताल कर रही है। प्रारंभिक जांच में सुरक्षा नियमों की गंभीर अनदेखी सामने आने की बात कही जा रही है। सिविल सर्जन ने अस्पताल प्रबंधन और मालिक से इस मामले में स्पष्टीकरण भी मांगा है। अधिकारियों का कहना है कि जांच रिपोर्ट के आधार पर दोषियों के खिलाफ आगे की कार्रवाई की जाएगी। गौरतलब है कि गुरुवार सुबह अस्पताल के आईसीयू वार्ड में शॉर्ट सर्किट के कारण आग लग गई थी। आग लगने के बाद धुआं और लपटें तेजी से पूरे वार्ड में फैल गईं। उस समय आईसीयू में भर्ती गंभीर मरीजों को बाहर निकलने का मौका तक नहीं मिल सका। इस दर्दनाक हादसे में दम घुटने और झुलसने से छह मरीजों की मौके पर ही मौत हो गई थी। जबकि इलाज के दौरान शनिवार को और एक मरीज की मौत हो गई। घटना के बाद मृतकों के परिजनों में आक्रोश है, जबकि प्रशासन ने मामले की विस्तृत जांच शुरू कर दी है। जांच रिपोर्ट आने के बाद अस्पताल प्रबंधन की जिम्मेदारी और लापरवाही की तस्वीर और स्पष्ट हो सकेगी। - एक और मरीज की मौत, मृतकों की संख्या 7 पहुंची प्रसाद अस्पताल में हुए दर्दनाक अग्निकांड के बाद मौतों का आंकड़ा लगातार बढ़ता जा रहा है। हादसे में गंभीर रूप से घायल मरीज अंजनी कुमार सिंह की इलाज के दौरान मौत हो गई। उन्हें घटना के बाद दूसरे अस्पताल में भर्ती कराया गया था, लेकिन चिकित्सकों के प्रयासों के बावजूद उनकी जान नहीं बचाई जा सकी। इस मौत के साथ ही अग्निकांड में जान गंवाने वालों की संख्या बढ़कर सात हो गई है। - ०६ जून/२०२६/ईएमएस