अंतर्राष्ट्रीय
07-Jun-2026
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क्या पुतिन से सीधे टकराने से बच रहा अमेरिका वाशिंगटन,(ईएमएस)। अमेरिका और जर्मनी के बीच प्रस्तावित लंबी दूरी की टोमाहॉक क्रूज मिसाइलों की आपूर्ति और तैनाती को लेकर अनिश्चितता बढ़ती जा रही है। रिपोर्टों के अनुसार, अमेरिकी रक्षा विभाग (पेंटागन) इस महत्वपूर्ण रक्षा समझौते की समीक्षा कर रहा है और आगे बढ़ाने के संभावित प्रभावों पर गहन विचार-विमर्श किया जा रहा है। इस घटनाक्रम ने यूरोप की सुरक्षा व्यवस्था और नाटो की भविष्य की रणनीति को लेकर नई चर्चाओं को जन्म दे दिया है। सूत्रों के मुताबिक, अमेरिकी सुरक्षा और खुफिया एजेंसियों के कुछ अधिकारियों का मानना है कि जर्मनी में लंबी दूरी की अमेरिकी मिसाइलों की तैनाती को रूस अपनी सुरक्षा के लिए प्रत्यक्ष खतरे के रूप में देख सकता है। ऐसी स्थिति में यूरोप में पहले से मौजूद तनाव और बढ़ सकता है तथा क्षेत्रीय सुरक्षा संतुलन बिगड़ सकता है। इसी कारण वॉशिंगटन में इस समझौते के संभावित परिणामों पर गंभीरता से मंथन कर रहा है। यह प्रस्तावित समझौता पूर्व अमेरिकी प्रशासन के दौरान सहयोगी देशों के साथ व्यापक रणनीतिक विचार-विमर्श के बाद तैयार किया गया था। इसका उद्देश्य यूरोप की रक्षा क्षमताओं को मजबूत करना और नाटो की सामूहिक सुरक्षा व्यवस्था को और प्रभावी बनाना था। यदि अमेरिका इस योजना को स्थगित करता है या इसमें बदलाव करता है, तब इससे उसकी विदेश और सुरक्षा नीति में एक महत्वपूर्ण बदलाव माना जा सकता है। जर्मनी लंबे समय से अपनी सैन्य क्षमताओं के आधुनिकीकरण और यूरोप की सुरक्षा संरचना को मजबूत करने की दिशा में प्रयास करता रहा है। रूस-यूक्रेन संघर्ष के बाद बर्लिन ने रक्षा खर्च बढ़ाने और आधुनिक हथियार प्रणालियों के अधिग्रहण पर विशेष जोर दिया है। इसके बाद मिसाइल समझौते को लेकर उत्पन्न अनिश्चितता जर्मन रणनीतिक योजनाओं को प्रभावित कर सकती है। विश्लेषकों का मानना है कि यदि यह सौदा रद्द या टाल दिया जाता है, तब इसका असर केवल अमेरिका और जर्मनी के द्विपक्षीय संबंधों तक सीमित नहीं रहेगा। इससे नाटो सहयोगियों के बीच सुरक्षा प्रतिबद्धताओं, सामूहिक रक्षा रणनीति और भविष्य की सैन्य योजनाओं को लेकर भी नए सवाल खड़े हो सकते हैं। हालांकि, अमेरिकी प्रशासन की ओर से अब तक कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है। ऐसे में वॉशिंगटन के अंतिम निर्णय पर यूरोप और नाटो देशों की नजरें टिकी हुई हैं। आशीष/ईएमएस 07 जून 2026