कोरबा (ईएमएस)। भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (सीपीआई) के राष्ट्रीय आह्वान पर जिला इकाई द्वारा आईटीआई तानसेन चौक पर धरना-प्रदर्शन आयोजित किया गया। पेट्रोल, डीजल, रसोई गैस, बिजली दरों व अन्य आवश्यक वस्तुओं की बेतहाशा मूल्यवृद्धि के विरोध में सैकड़ों की संख्या में कार्यकर्ता, किसान, मजदूर व आमजन सड़कों पर उतरे और केंद्र-राज्य सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। धरना-प्रदर्शन के उपरांत जिला सचिव पवन कुमार वर्मा के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने कलेक्टर के माध्यम से प्रधानमंत्री व मुख्यमंत्री के नाम 11 सूत्रीय मांगों का ज्ञापन सौंपा। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार के 12 वर्ष पूर्ण होने के बाद भी आम जनता महंगाई की भयावह मार झेल रही है। 2014 में जब अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चा तेल 105-108 डॉलर प्रति बैरल था तब पेट्रोल 71 रु और डीजल 55 रु था। आज 2026 में कच्चा तेल घटकर 92-97 डॉलर पर आ गया है, लेकिन पेट्रोल 102-111 रु और डीजल 97-104 रु प्रति लीटर बिक रहा है। यह साबित करता है कि मूल्यवृद्धि अंतरराष्ट्रीय कारणों से नहीं, बल्कि सरकार की कर वसूली और कॉरपोरेट मुनाफे को प्राथमिकता देने की नीति का परिणाम है। उन्होंने कहा कि पेट्रोल, डीजल, एलपीजी, बिजली दरों में तत्काल कमी व उत्पाद शुल्क/वैट में कटौती की जाए। स्मार्ट मीटर योजना वापस हो, बिजली बिलों पर रोक लगे। विद्युत वितरण के निजीकरण पर पूर्ण रोक लगाई जाए। रेलवे के 30,000 पद समाप्त करने का आदेश वापस हो, खाली पदों पर भर्ती हो। मनरेगा में 200 दिन काम व 700 रु प्रतिदिन मजदूरी तय हो। 55 प्लस किसानों, मजदूरों, विधवा, परित्यक्ता, दिव्यांगों को 10,000 रु प्रतिमाह पेंशन दिया जाए। इसके अलावा अन्य मांगों को लेकर ज्ञापन सौंपा है। इस अवसर पर कोषाध्यक्ष धर्मेंद्र तिवारी, जिला परिषद सदस्य वरिष्ठ एन.के. दास, श्याम बिहारी बनाफर, लालमन सिंह, सुनील सिंह, सुग्रीव यदि, रामू केवट, नरेश खुटे, अजीत सिंह, विजयलक्ष्मी चौहान, सरिता चौहान, रीमा तिवारी, उषा वर्मा सहित अन्य उपस्थित रहे। - 07 जून