-इंडिया ब्लॉक का केंद्र सरकार पर हमला, एसआईआर में करोड़ों मतदाताओं के नाम काटने का आरोप -चुनावी निष्पक्षता के मुद्दे पर सीजेआई को पत्र लिखेगा विपक्षी गठबंधन नई दिल्ली,(ईएमएस)। विपक्षी गठबंधन इंडिया ब्लॉक की दो वर्ष बाद आयोजित सातवीं बैठक सोमवार को राजधानी दिल्ली में संपन्न हुई। बैठक में 25 राजनीतिक दलों के नेताओं ने हिस्सा लिया। कांग्रेस संसदीय दल की अध्यक्ष सोनिया गांधी, लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी, कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव, पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी, एनसीपी (शरद पवार गुट) की नेता सुप्रिया सुले और वरिष्ठ अधिवक्ता कपिल सिब्बल सहित कई प्रमुख नेता मौजूद रहे। वहीं शिवसेना (यूबीटी) प्रमुख उद्धव ठाकरे और झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन वर्चुअल माध्यम से बैठक में शामिल हुए। बैठक के बाद आयोजित संयुक्त प्रेस वार्ता में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने बताया कि दो घंटे से अधिक चली चर्चा में पांच प्रमुख मुद्दों पर सहमति बनी है। उन्होंने आरोप लगाया कि नीट और सीबीएसई से जुड़े मामलों में गंभीर अनियमितताएं हुई हैं,de जिससे देश के युवाओं का भविष्य प्रभावित हुआ है। खड़गे ने कहा कि इन गड़बड़ियों की जिम्मेदारी केंद्रीय शिक्षा मंत्री की है और उन्हें तत्काल अपने पद से इस्तीफा देना चाहिए। खड़गे ने चुनावी प्रक्रिया से जुड़े मुद्दों को भी प्रमुखता से उठाया। उन्होंने आरोप लगाया कि विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के दौरान करोड़ों मतदाताओं के नाम मतदाता सूची से हटाए गए हैं। विपक्षी गठबंधन इस मामले को लोकतंत्र और चुनावी निष्पक्षता से जुड़ा गंभीर विषय मानता है। उन्होंने कहा कि इंडिया ब्लॉक इस संबंध में भारत के मुख्य न्यायाधीश (सीजेआई) को पत्र लिखकर हस्तक्षेप की मांग करेगा। गठबंधन की अगली बैठक 8 अगस्त को विपक्षी नेताओं ने महंगाई, बेरोजगारी और आर्थिक चुनौतियों पर भी चिंता व्यक्त की। खड़गे ने केंद्र सरकार से इन मुद्दों पर चर्चा के लिए सर्वदलीय बैठक बुलाने की मांग की। उन्होंने कहा कि जनता से जुड़े सवालों को संसद और सड़क दोनों स्तरों पर मजबूती से उठाया जाएगा। बैठक में यह भी तय किया गया कि इंडिया ब्लॉक अब नियमित रूप से हर दो महीने में बैठक करेगा। आगामी मानसून सत्र के दौरान भी समन्वय बैठकों का आयोजन किया जाएगा। गठबंधन की अगली बैठक 8 अगस्त को हैदराबाद में आयोजित होगी, जिसमें आगे की राजनीतिक रणनीति और जनहित के मुद्दों पर चर्चा की जाएगी। हिदायत/ईएमएस 08जून26