खेल
10-Jun-2026
...


मुम्बई (ईएमएस)। क्रिकेटर अभिमन्यु मिथुन के नाम घरेलू क्रिकेट में उनके नाम एक ऐसा अद्वितीय रिकॉर्ड दर्ज है, जो किसी अन्य भारतीय खिलाड़ी के पास नहीं है। वह घरेलू क्रिकेट के तीनों प्रमुख प्रारूपों – रणजी ट्रॉफी, विजय हजारे ट्रॉफी और सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी में हैट्रिक लगाने वाले एकमात्र भारतीय गेंदबाज हैं। मिथुन ने अपनी तेज गेंदबाजी से विभिन्न टीमों के खिलाफ यह कमाल किया है। रणजी ट्रॉफी में उन्होंने उत्तर प्रदेश के विरुद्ध, विजय हजारे ट्रॉफी में तमिलनाडु के खिलाफ और सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी में हरियाणा के सामने यह उपलब्धि हासिल की। यह दर्शाता है कि उनकी निरंतरता और विकेट लेने की क्षमता विभिन्न प्रारूपों में कितनी प्रभावी रही। उनका यह अनूठा रिकॉर्ड उनकी प्रतिभा और समर्पण का प्रमाण है, जिसने उन्हें घरेलू क्रिकेट में एक विशिष्ट स्थान दिलाया। भारतीय टीम के लिए हालांकि उन्हें ज्यादा अवसर नहीं मिले। अभिमन्यु मिथुन ने भारत के लिए कुल 4 टेस्ट और 5 एकदिवसीय मैच खेले, जिनमें उन्होंने कुल 12 विकेट अपने नाम किए। उनका अंतरराष्ट्रीय पदार्पण 2010 में हुआ था, जहां उन्होंने श्रीलंका के खिलाफ गाले में अपने पहले ही टेस्ट की पहली पारी में 4 विकेट झटके थे। उसी साल उन्होंने दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ अहमदाबाद में एकदिवसीय क्रिकेट में भी कदम रखा। उनका आखिरी अंतरराष्ट्रीय मैच दिसंबर 2011 में वेस्टइंडीज के खिलाफ था, जिसके बाद उनका भारतीय टीम का सफर थम गया। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में सीमित अवसरों के बावजूद, अभिमन्यु का घरेलू करियर शानदार रहा। उन्होंने कर्नाटक के लिए 300 से अधिक फर्स्ट क्लास विकेट लिए, जो उनकी लंबी और प्रभावी करियर का प्रमाण है। इसके अलावा, उनके नाम टी20 क्रिकेट में एक ओवर में 5 विकेट लेने का असाधारण रिकॉर्ड भी दर्ज है। यह कारनामा उन्होंने 2019 में सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी के सेमीफाइनल में हरियाणा के खिलाफ किया था। उस मैच में उन्होंने पारी के अंतिम ओवर की पहली चार गेंदों पर लगातार चार विकेट लिए और अंतिम गेंद पर पांचवां विकेट लेकर अपनी टीम कर्नाटक को जीत दिलाई। यह उपलब्धि किसी भी गेंदबाज के लिए अविश्वसनीय मानी जाती है।अभिमन्यु मिथुन को उनकी तेज गति, सटीक लाइन-लेंथ और निरंतरता के लिए जाना जाता था। गिरजा/ईएमएस 10 जून 2026