क्षेत्रीय
10-Jun-2026


कांकेर(ईएमएस)। जनपद पंचायत दुर्गूकोंदल में कथित कमीशनखोरी के आरोपों को लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। जनपद सदस्य पीलम नरेटी ने जहां आरोपों को पूरी तरह खारिज करते हुए उन्हें निराधार बताया है, वहीं भाजपा और कांग्रेस के बीच इसे लेकर एक बार फिर आरोप-प्रत्यारोप का दौर शुरू हो गया है। जनपद सदस्य पीलम नरेटी ने कहा कि बिना ठोस प्रमाण के किसी भी अधिकारी या कर्मचारी पर भ्रष्टाचार या कमीशनखोरी के आरोप लगाना उचित नहीं है। उन्होंने कहा कि केवल आरोप लगाने से सच्चाई साबित नहीं होती। उन्होंने यह भी कहा कि किसी भी विवाद का समाधान सड़क पर चक्काजाम या आंदोलन से नहीं निकाला जा सकता, बल्कि इसके लिए जनपद स्तर पर सभी जनप्रतिनिधियों की बैठक बुलाकर चर्चा की जानी चाहिए थी। नरेटी ने मौजूदा आंदोलन को राजनीतिक रणनीति का हिस्सा बताते हुए आरोप लगाया कि यह कांग्रेस की सोची-समझी रणनीति हो सकती है। उन्होंने कहा कि जनपद अध्यक्ष और उपाध्यक्ष जैसे जिम्मेदार जनप्रतिनिधियों को पहले सभी सदस्यों की बैठक बुलाकर मुद्दे को चर्चा में रखना चाहिए था, जिससे सभी पक्षों की बात सामने आती और लोकतांत्रिक तरीके से निर्णय लिया जाता। वहीं दूसरी ओर भाजपा मंडल अध्यक्ष बिदेसिंह कल्लो और महामंत्री रामचंद्र कल्लो ने विरोध प्रदर्शनों को कांग्रेस की हताशा बताया है। उन्होंने कहा कि क्षेत्र में कांग्रेस का जनाधार लगातार घट रहा है, जिससे विपक्षी दल के नेता बौखलाहट में इस तरह के आंदोलन कर रहे हैं। भाजपा नेताओं ने दावा किया कि प्रदेश में भाजपा सरकार बनने के बाद विकास कार्यों में तेजी आई है और सरकारी योजनाओं का लाभ सीधे जनता तक पहुंच रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि ‘सुशासन तिहार’ के माध्यम से शासन की योजनाएं अंतिम व्यक्ति तक पहुंच रही हैं, जिससे जनता को वास्तविक लाभ मिल रहा है। भाजपा नेताओं ने कांग्रेस पर आरोप लगाया कि वह जनता को गुमराह करने और राजनीतिक लाभ लेने के लिए अनावश्यक विवाद खड़ा कर रही है। इस पूरे मामले ने क्षेत्रीय राजनीति में नई गर्माहट पैदा कर दी है और आने वाले दिनों में यह विवाद और भी तेज हो सकता है। ईएमएस(राकेश गुप्ता)10 जून 2026