राहगीरों को जाम और इंतजार से मिलेगी राहत बालाघाट (ईएमएस). बालाघाट-वारासिवनी मुख्य मार्ग पर वैनगंगा पुल के पहले बने रेलवे ओव्हर ब्रिज (आरओबी) से 13 जून दोपहर 12 बजे से यातायात शुरू किया जाएगा। इसके साथ ही पुराने रेलवे फाटक को स्थायी रूप से बंद कर दिया जाएगा। यह खबर बालाघाट-गर्रा एवं वारासिवनी मार्ग से आने-जाने वाले वाहन चालकों के लिए राहत भरी है। दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे, गोंदिया के सेक्शन इंजीनियर द्वारा जारी सूचना के अनुसार रेलवे की मानवयुक्त लेवल क्रॉसिंग क्रमांक बीके-09 (किमी 1048/0-1) को 13 जून को दोपहर 12 बजे से सभी प्रकार के सडक़ यातायात के लिए स्थायी रूप से बंद कर दिया जाएगा। अब इस मार्ग से गुजरने वाले छोटे-बड़े सभी वाहनों का आवागमन नव निर्मित रोड ओव्हर ब्रिज से किया जाएगा। आरओबी के शुरू होने से लंबे समय से चली आ रही समस्या से लोगों को राहत मिलेगी। पहले ट्रेन के गुजरने के दौरान रेलवे फाटक बंद होने से दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग जाती थी, जिससे यात्रियों और स्थानीय नागरिकों को काफी समय तक इंतजार करना पड़ता था। आरओबी बनने से अब यातायात अधिक सुगम, सुरक्षित और तेज हो जाएगा। निर्माण कार्य के दौरान बस, ट्रक और अन्य भारी वाहनों का आवागमन डेंजर रोड से डायवर्ट किया गया था, जिससे उन्हें अतिरिक्त दूरी तय करनी पड़ती थी। अब नए ब्रिज के शुरू होने के बाद भारी वाहनों को इस असुविधा से भी छुटकारा मिल जाएगा। स्थानीय नागरिकों और वाहन चालकों ने इस निर्णय का स्वागत करते हुए कहा कि इससे शहर और आसपास के क्षेत्रों के बीच आवागमन आसान होगा और दुर्घटनाओं की संभावना भी कम होगी। प्रशासन की अपील प्रशासन और रेलवे विभाग ने वाहन चालकों से अपील की है कि 13 जून को दोपहर 12 बजे के बाद पुराने रेलवे फाटक मार्ग का उपयोग न करें और निर्धारित मार्ग व यातायात संकेतों का पालन करें, ताकि यातायात व्यवस्था सुचारु बनी रहे। लोकार्पण की तैयारियों का जनप्रतिनिधियों ने लिया जायजा गर्रा रेलवे ओवरब्रिज के लोकार्पण कार्यक्रम के पूर्व शुक्रवार को जनप्रतिनिधियों एवं अधिकारियों द्वारा स्थल का निरीक्षण कर तैयारियों का जायजा लिया गया। निरीक्षण के दौरान आयोजन स्थल, यातायात व्यवस्था, सुरक्षा प्रबंध एवं आमजन की सुविधाओं का अवलोकन करते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। उल्लेखनीय है कि 13 जून को दोपहर 12 बजे इस महत्वपूर्ण रेलवे ओवरब्रिज का लोकार्पण समारोह आयोजित किया जाएगा। कार्यक्रम जिले के प्रभारी मंत्री राव उदय प्रताप सिंह, सांसद भारती पारधी, पूर्व मंत्री गौरीशंकर बिसेन सहित अन्य जनप्रतिनिधि बतौर अतिथि शामिल होंगे। जनप्रतिनिधियों ने बताया कि पूर्व मंत्री गौरीशंकर बिसेन ने अपने कार्यकाल में सरेखा, गर्रा एवं भटेरा रेलवे ओवरब्रिज व बैनगंगा नदी के जागपुर घाट पर उच्चस्तरीय पुलिया के लिये लगभग 150 करोड़ रूपय राशि की स्वीकृति कराई थी। इनमें से गर्रा रेलवे ओवरब्रिज के लिए लगभग 30 करोड़ रुपये की स्वीकृति दिलाई गई थी।1 जनवरी 2023 को इसका भव्य भूमिपूजन समारोह संपन्न हुआ था। आज इस बहुप्रतीक्षित परियोजना का लोकार्पण होना जिलेवासियों के लिए हर्ष और गौरव का विषय है। विशेष उल्लेखनीय है कि गौरीशंकर बिसेन के प्रस्ताव पर इस ओवरब्रिज का नामकरण राजा भोज गर्रा रेलवे ओवरब्रिज किया गया है। निरीक्षण में नगर पालिका अध्यक्ष भारती ठाकुर, भाजपा नेता सुरजीत सिंह ठाकुर, नगरपालिका उपाध्यक्ष योगेश बिसेन, सभापति समीर जैसवाल, नगर भाजपा अध्यक्ष राकेश सेवईवार, रमाकांत डहाके, चेतन जाचक, डिलन ताराम, संजू वराड़े, राम मिश्रा, राहुल जैमी, विशाल मंगलानी सहित अन्य जनप्रतिनिधि मौजूद रहे। भानेश साकुरे / 12 जून 2026