नई दिल्ली,(ईएमएस)। कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के संस्थापक अभिजीत दीपके को राजधानी जयपुर में विरोध प्रदर्शन के दौरान कथित तौर पर थप्पड़ मारे गए। यह घटना तब हुई जब दीपके को उनके समर्थकों ने कंधे पर उठा रखा था। पुलिस ने इस मामले में दो युवकों को हिरासत में लिया है। घटना के बाद दीपके ने प्रदर्शनकारियों को संबोधित कर लोगों से धर्म और जाति के आधार पर विभाजित न होने की अपील की और विभाजनकारी राजनीति के खिलाफ नारे लगाए। इस बीच, भाजपा नेता तेजिंदर बग्गा ने पुरानी सोशल मीडिया पोस्ट साझा कर मामले में सियासी हलचल तेज कर दी है। बग्गा ने दावा किया कि उन्होंने 25 दिन पहले ही भविष्यवाणी कर दी थी कि दीपके, दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की तरह, खुद को थप्पड़ मरवाएंगे। गौरतलब है कि दीपके ने भी पहले जान से मारने की धमकियों का उल्लेख किया था। पुलिस के अनुसार, हिरासत में लिए गए आरोपियों में से एक राकेश गुर्जर ने स्वयं को राष्ट्रवादी बातकर आरोप लगाया कि दीपके की सोच जिहादी मानसिकता वाली है और वह युवाओं को गुमराह कर रहे हैं। गुर्जर ने दावा किया कि प्रश्नपत्र लीक का मुद्दा केवल एक बहाना है और असली मकसद युवाओं को भड़काना था। वहीं सीजेपी के प्रवक्ता आशुतोष रांका ने घटना के बाद राजस्थान में हाल के वर्षों में प्रश्नपत्र लीक की बढ़ती घटनाओं पर गहरी चिंता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि बड़ी संख्या में शिक्षित युवा देने वाला राज्य अब शिक्षा व्यवस्था में गिरावट का सामना कर रहा है, और प्रदर्शन में युवाओं की भागीदारी उनकी बढ़ती चिंताओं को दर्शाती है। सीजेपी ने शिक्षा व्यवस्था में सुधार के लिए अपने प्रयास जारी रखने की बात कही है। आशीष दुबे / 16 जून 2026